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महिला को मृत मानकर दाह संस्कार के लिए ले जा रहे थे, अचानक ताबूत से आई दस्तक, फिर...

 Published : Nov 25, 2025 02:49 pm IST,  Updated : Nov 25, 2025 02:49 pm IST

थाईलैंड में एक महिला को मृत समझकर ताबूत के अंदर रखकर दाह संस्कार के लिए ले जाया जा रहा था। इस दौरान ताबूत के अंदर से एक दस्तक आई और फिर जो हुआ, उसे देखकर सब हैरान रह गए।

Thailand- India TV Hindi
महिला को इलाज के लिए ले जाया गया Image Source : AP

बैंकॉक: थाईलैंड से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया। यहां एक महिला को मृत मानकर अंतिम संस्कार के लिए ताबूत में ले जाया गया लेकिन अचानक ताबूत से दस्तक आई और महिला ताबूत के अंदर जीवित पाई गई। इस घटना को 

बैंकॉक के बाहरी इलाके नॉनथाबुरी प्रांत में स्थित वाट राट प्राखोंग थाम नामक बौद्ध मंदिर ने फेसबुक पर एक वीडियो के जरिए पोस्ट किया है।

पिकअप ट्रक में रखा था ताबूत

वीडियो में दिखाया गया है कि एक महिला सफेद रंग के ताबूत में लेटी हुई है और उसे पिकअप ट्रक में रखा गया है। इसी दौरान महिला के हाथ और सिर में हल्की सी हरकत दिखती है और मौके पर मौजूद लोग अवाक रह जाते हैं। मिली जानकारी के मुताबिक, महिला की उम्र 65 साल है। उसे फित्सानुलोक प्रांत से उसके भाई द्वारा दाह संस्कार के लिए लाया गया था।

लेकिन ताबूत में हरकत के दौरान वहां मौजूद लोग भी चौंक गए। पैरेट नाम के शख्स ने बताया, "मैं थोड़ा हैरान हुआ इसलिए मैंने उनसे ताबूत खोलने को कहा और सभी डर गए। मैंने देखा कि वह अपनी आंखें थोड़ी खोल रही थीं और ताबूत को खटखटा रही थीं। संभव है कि वह काफी देर से खटखटा रही हों। महिला के भाई ने बताया कि वह करीब दो साल से बिस्तर पर थीं और उनकी हालत बिगड़ने के बाद उनमें कोई हलचल नहीं हो रही थी और दो दिन पहले ऐसा लगा कि उनकी सांस चलना बंद हो गई। इसके बाद भाई ने उन्हें ताबूत में रखा और लगभग 500 किलोमीटर की यात्रा कर उन्हें बैंकॉक के एक अस्पताल ले गया, जहां वह पहले अपने अंग दान करने की इच्छा व्यक्त कर चुकी थीं।"

पैरेट ने बताया, "अस्पताल ने अंगदान की अर्जी खारिज कर दी क्योंकि भाई के पास आधिकारिक मृत्यु प्रमाणपत्र नहीं था। उनका मंदिर मुफ्त दाह संस्कार सेवा प्रदान करता है इसलिए महिला का भाई रविवार को वहां आया लेकिन प्रमाणपत्र नहीं होने की वजह से मंदिर ने भी दाह संस्कार से इनकार कर दिया। मंदिर प्रबंधक ने बताया कि जब वह भाई को मृत्यु प्रमाणपत्र प्राप्त करने की प्रक्रिया समझा रहे थे तभी ताबूत से ठक-ठक की आवाज आई। इसके बाद महिला को तुरंत पास के अस्पताल भेज दिया गया।"

पैरेट का कहना है कि मंदिर के प्रमुख भिक्षु ने महिला के इलाज का खर्च उठाने की घोषणा की है। (इनपुट: भाषा)

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