Friday, May 17, 2024
Advertisement

VVPAT पर्चियों से होगा सभी EVM वोटों का मिलान? सुप्रीम कोर्ट से आई बड़ी खबर

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को उन याचिकाओं पर फैसला सुरक्षित रख लिया जिसमें चुनाव आयोग और केंद्र को यह सुनिश्चित करने के लिए निर्देश देने की मांग की गई है कि मतदाता वीवीपीएटी के माध्यम से यह सत्यापित कर सकें कि उनका वोट रिकॉर्ड के रूप में गिना गया है।

Written By: Subhash Kumar @ImSubhashojha
Updated on: April 18, 2024 21:41 IST
 Lok Sabha Elections 2024- India TV Hindi
Image Source : PTI Lok Sabha Elections 2024

सुप्रीम कोर्ट ने ईवीएम वोटों की वीवीपैट पर्चियों से 100 फीसदी सत्यापन की मांग वाली याचिकाओं पर फैसला सुरक्षित रख लिया। आपको बता दें कि वर्तमान में प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में पांच रैंडम रूप से चयनित ईवीएम की वीवीपैट पर्चियों का सत्यापन किया जाता है।इस मामले पर दायर की गई याचिका में गैर सरकारी संगठन एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स की ओर से पेश वकील प्रशांत भूषण ने दलीलें पेश की हैं। 

मतदाताओं की संख्या बढ़ी है- सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान एक वकील ने बांग्लादेश की चुनावी व्यवस्था की ओर इशारा किया। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हमारा सिस्टम अच्छे से काम कर रहा है, आप जानते हैं और हम भी जानते हैं कि मतपत्रों के साथ क्या हुआ। हमारे मतदाताओं की संख्या भी बढ़ी है और यह लोगों के विश्वास को दर्शाता है। जस्टिस दत्ता ने कहा कि ऐसा मत सोचिए कि केवल विदेशी देश ही अच्छा कर रहे हैं, भारत भी अच्छा कर रहा है।

हर चीज़ के बारे में संदेह करने की ज़रूरत नहीं- सुप्रीम कोर्ट

बार एंड बेंच की रिपोर्ट के मुताबिक, सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले पर टिप्पणी करते हुए कहा कि हमें हर चीज़ के बारे में संदेह करने की ज़रूरत नहीं है। न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता की पीठ इस मामले की सुनवाई कर रही है। आपको बता दें कि वीवीपैट, एक स्वतंत्र वोट सत्यापन प्रणाली है, जो मतदाता को यह देखने में सक्षम बनाती है कि उसका वोट सही ढंग से पड़ सका है या नहीं।

कोर्ट ने ईवीएम की आलोचना पर जताई नाखुशी

इससे पहले बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने ईवीएम की आलोचना और मतपत्रों को वापस लाने की मांग पर नाखुशी जताई थी। कोर्ट ने कहा कि भारत में चुनावी प्रक्रिया एक बहुत बड़ा काम है और इस तंत्र को कमजोर करने का प्रयास नहीं किया जाना चाहिए। कोर्ट ने इस बात का भी जिक्र किया कि मतपत्र के दौर में चुनाव परिणामों में हेरफेर करने के लिए कैसे मतदान केंद्रों को कब्जा लिया जाता था। 

ये भी पढ़ें- Lok Sabha Elections 2024: 'राहुलयान न लॉन्च हो पाया और न ही लैंड', राजनाथ सिंह का कांग्रेस पर बड़ा हमला


'डराने-धमकाने की राजनीति कर रहा विपक्षी गठबंधन', भाजपा ने चुनाव आयोग से की कार्रवाई की मांग

Latest India News

India TV पर हिंदी में ब्रेकिंग न्यूज़ Hindi News देश-विदेश की ताजा खबर, लाइव न्यूज अपडेट और स्‍पेशल स्‍टोरी पढ़ें और अपने आप को रखें अप-टू-डेट। National News in Hindi के लिए क्लिक करें भारत सेक्‍शन

Advertisement
Advertisement
Advertisement