Wednesday, February 04, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. लाइफस्टाइल
  3. फीचर
  4. प्राकृतिक अमृत समान है तुलसी का पानी, जान लें पीने से क्या फायदे मिलेंगे, कैसे बनाएं तुलसी का पानी

प्राकृतिक अमृत समान है तुलसी का पानी, जान लें पीने से क्या फायदे मिलेंगे, कैसे बनाएं तुलसी का पानी

Tulsi Ka Pani Pine Ke Fayade: तुलसी के पत्तों का पानी सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। तुलसी शरीर में जमा गंदगी को साफ करने और पाचन को मजबूत बनाने में मदद करती है। जान लें तुलसी का पानी पीने के फायदे क्या है?

Written By: Bharti Singh @bhartinisheeth
Published : Feb 04, 2026 01:56 pm IST, Updated : Feb 04, 2026 01:56 pm IST
तुलसी का पानी पीने के फायदे- India TV Hindi
Image Source : INSTA/@TARLADALAL तुलसी का पानी पीने के फायदे

तुलसी सिर्फ एक पौधा नहीं बल्कि आयुर्वेदिक गुणों का भंडार है। भारतीय घरों में तुलसी के पौधे को बहुत पवित्र और पूजनीय माना जाता है। लगभग हर हिन्दू परिवार के आंगन में आपको तुलसी का पौधा देखने को लिए जाएगा। तुलसी के पत्ते स्वास्थ्य के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं इसलिए आयुर्वेद में इसे औषधियों की रानी कहा जाता है। यह न केवल आपके शारीरिक स्वास्थ्य के लिए बल्कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी बहुत असरदार है। जानिए तुलसी का पानी पीने के फायदे और इसे कब पीना चाहिए?

आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा (आशा आयुर्वेदा की डायरेक्टर और स्त्री रोग विशेषज्ञ) ने बताया तुलसी का पानी पीने के फायदे और नुकसान क्या हैं। इसे कैसे तैयार किया जाता है और तुलसी का पानी कब पीना फायदेमंद होता है।

तुलसी का पानी पीने के फायदे

इम्यूनिटी बूस्ट करे- तुलसी में एंटी बैक्टीरियल और एंटीऑक्सीडेंट्स गुण पाए जाते हैं, जो आपके शरीर को रोगों और संक्रमणों से लड़ने के लिए तैयार करते हैं। अगर आप सर्दी खांसी और मौसमी संक्रमण से बचाव चाहते हैं तो नियमित रूप से इस औषधीय ड्रिंक यानी तुलसी के पानी का सेवन करें। 

पाचन तंत्र को मजबूत बनाए- तुलसी का पानी पीने से पेट की समस्या में आराम मिलता है। इसके सेवन से आपके पाचन एंजाइम सक्रिय हो जाते हैं और गैस, एसिडिटी, अपच जैसी समस्या में फ़ायदेमंद होता है। 

तनाव और चिंता कम करे- तुलसी का पानी पीने के कई मानसिक स्वास्थ्य लाभ भी है जैसे यह आपके मस्तिष्क को शांत बनाए रखता है और तनाव को कम करता है। इसके सेवन से आपको अच्छी और पर्याप्त नींद आती है। तुलसी के पानी में प्राकृतिक रूप से ऐसे तत्व पाए जाते हैं जो आपको एकाग्र रखने में मदद करते है। 

डिटॉक्सिफिकेशन में सहायक- तुलसी का पानी एक प्राकृतिक डेटोक्सिफाइर की तरह काम करता है और आपके शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने का कार्य करता है। इसके सेवन से आपका किडनी और लिवर अच्छे से कार्य करते हैं और आप स्वस्थ महसूस करते हैं। 

त्वचा और बालों के लिए फायदेमंद- तुलसी के पानी में एंटी-ऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं जो आपकी त्वचा के लिए बहुत फायदेमंद है। जिन लोगों को कील मुहांसों की शिकायत रहती है उनके लिए यह ड्रिंक बहुत लाभप्रद है। इससे त्वचा में निखार आता है और बाल जड़ से मजबूत होते हैं।  

तुलसी का पानी बनाने का सही तरीका

आजकल तुलसी का पानी या ऐसे ही अन्य आयुर्वेदिक ड्रिंक का प्रयोग हर व्यक्ति करना चाहता है लेकिन इसका सही तरीका क्या है, यह जानना बहुत जरूरी है। सबसे पहले तुलसी के पौधे से 5 तुलसी के पत्ते तोड़कर उसे अच्छे से साफ़ कर लें। फिर एक पतीले में एक गिलास पानी डालकर उसमें तुलसी के पत्ते मिला दें और इसे 10 मिनट तक उबालें। इसके बाद इसे एक गिलास या कप में छान लें। हल्का गुनगुना पानी का ही सेवन करें और चाहें तो स्वादानुसार 2 बूंद शहद भी मिला सकते हैं। तुलसी के पत्तों को ज्यादा देर तक उबालने से उसके पोषक तत्वों में कमी आ सकती है इसलिए ज्यादा न उबाले। 

तुलसी का पानी पीने का सही समय क्या होता है?

सुबह खाली पेट तुलसी का पानी- अगर आप भी असमंजस में हैं कि तुलसी का पानी पीने के लिए सर्वोत्तम समय क्या है तो आप जान लें कि सुबह खाली पेट में इसका सेवन करने से सबसे ज्यादा लाभ मिलता है। 

रात में तुलसी का पानी- जिन लोगों को अच्छे से नींद नहीं आती है या तनाव रहता है वह रात में सोने से पहले तुलसी पानी का सेवन कर सकते हैं। 

वैसे तो तुलसी का पानी एक प्राकृतिक औषधि है और इसका कोई साइड इफ़ेक्ट भी नहीं होता है फिर भी गर्भवती महिला और गंभीर समस्या से ग्रसित मरीज को डॉक्टर की सलाह के बिना इसका नियमित सेवन नहीं करना चाहिए।

 

Latest Lifestyle News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Features से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें लाइफस्टाइल

Advertisement
Advertisement
Advertisement