वाशिंगटन: जेफरी एपस्टीन फाइस से जुड़े खुलासों ने अमेरिका से लेकर दुनिया भर में भूचाल मचा दिया है। रोजाना इसके एक-एक पन्ने और वीडियो तहलका मचा रहे हैं। एपस्टीन से जुड़े जांच के दस्तावेजों की नवीनतम एपस्टीन फाइल के रिलीज होने पर अमेरिका में राजनीतिक तूफान मचा हुआ है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुश्किलें इस मामले में लगातार बढ़ती जा रही हैं। ट्रंप से एपस्टीन फाइल को लेकर जब एक महिला रिपोर्ट ने सवाल पूछा तो वह उस पर बुरी तरह भड़क उठे और उसे भला-बुरा कहने लगे।
ट्रंप ने महिला रिपोर्टर को कहा-तुम्हें 10 साल से जानता हूं, कभी हंसते नहीं देखा
महिला रिपोर्टर के एपस्टीन फाइल के खुलासे पर पूछे गए सवाल पर ट्रंप ने कहा, "मैं तुम्हें दस साल से जानता हूं। तुम बहुत खराब रिपोर्टर हो। मुझे नहीं लगता कि मैंने तुम्हारे चेहरे पर कभी मुस्कान देखी है। तुम्हें पता है तुम क्यों नहीं मुस्कुरा रहे हो? क्योंकि तुम जानते हो कि तुम सच नहीं बोल रहे हो। तुम एक बहुत ही बेईमान संगठन हो, और उन्हें तुम पर शर्म आनी चाहिए। तुम्हारे चैनल की टीआरपी बहुत खराब है। कोई उसे पसंद नहीं करता।"
30 लाख पेज के एपस्टीन फाइल में छुपे हैं सैकड़ों गुप्त राज
अमेरिकी न्याय विभाग (DOJ) ने पिछले शुक्रवार यानी 30 जनवरी को एपस्टीन फाइल्स ट्रांसपेरेंसी एक्ट के तहत 30 लाख से अधिक पेज जारी किए, जिसमें राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का नाम सैकड़ों-हजारों बार आया है। इनमें एफबीआई द्वारा संकलित यौन शोषण के आरोपों की सूची, ईमेल, फोटो और अन्य सामग्री शामिल है। ट्रंप प्रशासन ने रिलीज को "पूर्ण पारदर्शिता" का उदाहरण बताया है। डिप्टी अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लांच ने CNN और फॉक्स न्यूज पर कहा कि दस्तावेजों की समीक्षा पूरी हो चुकी है और "ट्रंप पर कोई आपराधिक गतिविधि का संकेत नहीं मिला।" ब्लांच ने जोर दिया कि एपस्टीन के ईमेल में ट्रंप को बदनाम करने की कोशिशें हैं, लेकिन कोई ठोस सबूत नहीं। उन्होंने कहा, "यह रिव्यू खत्म हो गया है। अमेरिकी जनता को पारदर्शिता मिली है।"ट्रंप ने खुद ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत में कहा, "मुझे फाइल्स खुद नहीं पढ़ीं, लेकिन महत्वपूर्ण लोगों ने बताया कि ये मुझे क्लियर करती हैं—यह वही नहीं है जो रैडिकल लेफ्ट उम्मीद कर रही थी।" उन्होंने आगे कहा, "देश को अब कुछ और चीजों पर आगे बढ़ना चाहिए। अब मेरे बारे में कुछ नहीं निकला।"
ट्रंप ने दी थी एपस्टीन और वोल्फ पर मुकदमे की धमकी
ट्रंप ने एपस्टीन एस्टेट और लेखक माइकल वोल्फ पर मुकदमा करने की धमकी भी दी, दावा करते हुए कि वे उनके खिलाफ साजिश रच रहे थे। ट्रंप ने एपस्टीन से अपनी पुरानी दोस्ती को 20 साल से अधिक पुरानी बताते हुए कहा कि वे दशकों पहले संपर्क तोड़ चुके हैं। फाइल्स में ट्रंप का नाम बार-बार आया, लेकिन कोई नया अपराध साबित नहीं हुआ। DOJ ने स्पष्ट किया कि कुछ दस्तावेजों में "झूठे और सनसनीखेज" आरोप हैं, जो 2020 चुनाव से पहले एफबीआई को भेजे गए थे। हालांकि, डेमोक्रेट्स और पीड़ितों के वकीलों ने रिलीज की आलोचना की। उन्होंने कहा कि कई दस्तावेजों में रेडक्शन हैं, खासकर पुरुषों के चेहरों को छिपाया गया, जबकि महिलाओं के नहीं। कुछ एडवोकेट्स ने आरोप लगाया कि DOJ नाम छिपा रहा है।
रिपब्लिकन सांसद थॉमस मैसी और डेमोक्रेट रो खन्ना ने कहा कि कानून का पूरा पालन नहीं हुआ और अतिरिक्त फाइल्स जारी करने की मांग की। ट्रंप ने ग्रैमी अवॉर्ड्स में ट्रेवर नोआ के मजाक पर सोशल मीडिया पर जवाब दिया, "मैं एपस्टीन आइलैंड कभी नहीं गया।" फाइल्स में ट्रंप के कैबिनेट सदस्यों जैसे हॉवर्ड लुटनिक और स्टीव बैनन के भी जिक्र हैं, लेकिन कोई नया आरोप नहीं। यह रिलीज एपस्टीन की मौत (2019) और घिस्लेन मैक्सवेल की सजा के बाद की सबसे बड़ी है। पीड़ितों के लिए यह "अधूरा न्याय" साबित हो रहा है, जबकि ट्रंप प्रशासन इसे अपनी "पारदर्शिता" की जीत बता रहा है। विवाद जारी है और आगे और खुलासे होने की संभावना है।
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