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जेमस्टोन रिंग हमेशा पहने रहना कितना है जरूरी? रत्न वाली अंगूठी बार-बार उतारना शुभ या अशुभ? जानिए क्या कहता है ज्योतिष विज्ञान

 Written By: Arti Azad @Azadkeekalamse
 Published : Nov 10, 2025 12:41 pm IST,  Updated : Nov 10, 2025 12:41 pm IST

Gemstone Ring: कई बार लोग रत्न वाली अंगूठी को धारण तो कर लेते हैं, लेकिन उसे बार-बार निकाल कर रख देते हैं। आज हम जानेंगे कि जेमस्टोन रिंग को हमेशा पहने रहना जरूरी है भी या नहीं। अगर इसे बार-बार हटाया जाए, तो क्या इससे एनर्जी फ्लो और रत्न का सकारात्मक प्रभाव कम हो सकता है।

Gemstone Ring Wearing Rules- India TV Hindi
रत्न पहनने के नियम Image Source : FREEPIK

Gemstone Ring Wearing Rules: ज्योतिष शास्त्र में रत्नों का विशेष महत्व माना गया है। अगर आपने भी मोती, नीलम, पुखराज, माणिक्य या हीरे की अंगूठी पहन रखी है और इसे बार-बार उतारकर रख देते हैं, तो यह आर्टिकल आपके लिए हैं। कहा जाता है कि सही ग्रहों के अनुसार रत्न पहनने से व्यक्ति के जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं। ये न सिर्फ मानसिक शांति और आत्मविश्वास बढ़ाते हैं, बल्कि जीवन की कई परेशानियों से भी पीछा छुड़ाते हैं। लेकिन सवाल यह है कि क्या रत्न वाली अंगूठी को बार-बार निकालना सही है या इससे उसका असर खत्म हो जाता है?

रत्न को बार-बार निकालना शुभ नहीं

रत्न वाली अंगूठी पहनने के ज्योतिषीय और वैज्ञानिक दोनों ही कारण हैं। ज्योतिष शास्त्र कहता है कि जब हम ग्रहों को ध्यान में रखकर रत्न पहनते हैं, तो इसका असर धीरे-धीरे हमारे शरीर और ऊर्जा पर पड़ता है। विशेषज्ञों के अनुसार, रत्न को बार-बार निकालना शुभ नहीं माना जाता।

रत्न को बार-बार न उतारने का ज्योतिषीय कारण

अंक और रत्न शास्त्र के अनुसार, हर रत्न किसी न किसी ग्रह से जुड़ा होता है, जैसे पुखराज बृहस्पति से, नीलम शनि से और माणिक्य सूर्य से संबंधित है। जब व्यक्ति ग्रहों की स्थिति के अनुसार रत्न पहनता है, तो उसकी ऊर्जा धीरे-धीरे शरीर में प्रवाहित होती है। अगर रत्न को बार-बार उतारा जाए, तो यह प्रवाह बाधित होता है और उसका सकारात्मक असर कम हो सकता है।

रत्न न उतारने के वैज्ञानिक कारण

वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखा जाए तो इससे रत्न की गुणवत्ता और प्रभाव पर असर पड़ता है। ऐसा करने से रत्न और त्वचा के बीच निरंतर संपर्क जरूरी होता है। बार-बार निकालने से रत्न की सतह पर खरोंच आ सकती है या उसका रंग फीका पड़ सकता है। साथ ही ऊर्जा प्रवाह में रुकावट आने से रत्न की क्षमता कम हो जाती है। इसके अलावा बार-बार निकालने से अंगूठी के गिरने या टूटने का खतरा भी रहता है। 

रत्न पहनने के फायदे

रत्न को लगातार पहनने से कई ज्योतिषीय लाभ मिलते हैं। यह ग्रहों की नकारात्मक ऊर्जा से सुरक्षा देता है, मानसिक शांति बनाए रखता है और आत्मविश्वास बढ़ाता है। रत्न व्यक्ति की एकाग्रता और जीवन में संतुलन बनाए रखने में भी मदद करता है।

रत्न की देखभाल ऐसे करें

रत्न को बार-बार उतारना ठीक नहीं होता, लेकिन इसकी सफाई जरूरी है। हल्के साबुन और पानी से रत्न को साफ करें। इसे धूप या चांदनी में कुछ देर रखकर चार्ज करना लाभकारी माना जाता है। हमेशा ध्यान रखें कि रत्न को सुरक्षित जगह पर रखें, ताकि उसकी ऊर्जा बरकरार रहे।

(Disclaimer: यहां दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इंडिया टीवी एक भी बात की सत्यता का प्रमाण नहीं देता है।)

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