सीरिया की राजधानी दमिश्क के इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हवाई हमले की खबर है। इज़राइल ने दमिश्क और अलेप्पो अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डों पर एक साथ हवाई हमले किए, यह हमले करके यहां से आने वाली ईरानी उड़ानों को रोक दिया गया। इन उड़ानों में इजराइल की सीमाओं पर ईरान के प्रतिनिधियों के लिए तस्करी किए गए हथियार लाए जा रहे थे।
इजराइल द्वारा दमिश्क एयरपोर्ट पर किए गए हमलों का मकसद ईरान से इराक तक आतंकवादियों और हथियारों ले जाए जाने की कोशिश को रोकना था। दमिश्क में ईरानी ठिकानों पर इजरायली हमलों की प्रारंभिक रिपोर्ट के अनुसार ईरान ने सीरिया में अपनी सेनाओं को तैनात किया है और सैन्य सामान को पहुंचाया है। यहीं से हमास जैसे आतंकवादियों तक सामान पहुंचता है। यही कारण है कि इजराइल ने दमिश्क एयरपोर्ट पर ताजा हमले किए हैं।
इससे पहले इजराइल ने इसी साल जनवरी में भी सीरिया की राजधानी दमिश्क के इंटरनेशनल एयरपोर्ट को निशाना बनाकर मिसाइल हमला किया था। इस मिसाइल हमले में दो सीरियाई सैनिकों की मौत हो गई थी, जबकि दो घायल हो गए। हमले के बाद दमिश्क एयरपोर्ट को बंद करना पड़ा था। जनवरी में हुए हमले में इजराइल ने दमिश्क अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और उसके आसपास के इलाकों को निशाना बनाते हुए इस्राइल ने मिसाइलें दागी थीं।
जनवरी में किए गए हमले से पहले पिछले साल 10 जून को भी दमिश्क एयरपोर्ट पर हमला किया गया था। उस समय दमिश्क अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर इजराइली हवाई हमले में एयरपोर्ट के बुनियादी ढांचे और रनवे को काफी नुकसान पहुंचा था। इसे मरम्मत के बाद फिर खोला गया था।
इजराइली सेना ने पिछले साल सितंबर में सीरिया के सबसे बड़े और व्यावसायिक शहर अलेप्पो के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमला किया था। इस कारण यह कई दिनों तक बंद रहा था। 2021 के अंत में भी इस्राइल के लड़ाकू विमानों ने मिसाइलें दागी थीं। ये लताकिया बंदरगाह पर कंटेनरों से टकराई थीं, इससे बड़े पैमाने पर आग लग गई थी। इजराइल ने हाल के वर्षों में सीरिया के सरकार-नियंत्रित हिस्सों में सैकड़ों हमले किए हैं। हालांकि, सीरिया इन सैन्य ऑपरेशनों को स्वीकार नहीं करता है। जबकि, इजराइल मानता है कि उसने लेबनान के हिजबुल्लाह जैसे ईरान-सहयोगी आतंकवादी समूहों के ठिकानों को निशाना बनाया है।
संपादक की पसंद