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ट्रंप ने ईरान से सरेंडर करने को कहा, सुप्रीम लीडर को लेकर बोले- 'मुज्तबा शायद जिंदा नहीं हैं'

 Edited By: Amar Deep @amardeepmau
 Published : Mar 15, 2026 08:56 am IST,  Updated : Mar 15, 2026 09:03 am IST

डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान से सरेंडर करने की अपील की है। उन्होंने एक इंटरव्यू के दौरान कहा कि सुनने में आया है कि उनके नए सुप्रीम लीडर जिंदा नहीं हैं।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप। - India TV Hindi
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप। Image Source : AP/FILE

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान से सरेंडर करने को कहा है। ट्रंप ने एक बयान में कहा कि मैंने सुना है कि ईरान के नए सुप्रीम लीडर "जीवित नहीं हैं"। ट्रंप ने मिडिल-ईस्ट में बढ़ते संघर्ष में तत्काल युद्धविराम की संभावना को भी खारिज कर दिया। एक चैनल के साथ टेलीफोनिक इंटरव्यू में ट्रंप ने खुलासा किया कि तेहरान की शत्रुता समाप्त करने में स्पष्ट रुचि के बावजूद, वह वर्तमान स्थितियों से संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, "ईरान समझौता करना चाहता है, और मैं समझौता नहीं करना चाहता क्योंकि शर्तें अभी तक पर्याप्त रूप से अच्छी नहीं हैं।" उन्होंने आगे कहा कि कोई भी भावी समझौता "बहुत ठोस" होना चाहिए।

खामेनेई की सेहत पर जताया संदेह

राष्ट्रपति ने हाल ही में अयातुल्लाह अली खामेनेई की मृत्यु के बाद सुप्रीम लीडर का पद संभालने वाले मुज्तबा खामेनेई की सेहत पर गहरा संदेह जताया। खामेनेई के सार्वजनिक रूप से दिखाई न देने पर उन्होंने कहा, "मुझे नहीं पता कि वे जीवित भी हैं या नहीं। अब तक कोई भी उनसे मिल नहीं पाया है।" ट्रंप ने आगे कहा, "मैं सुन रहा हूं कि वे जीवित नहीं हैं, और अगर वे जीवित हैं, तो उन्हें अपने देश के लिए कुछ बहुत ही समझदारी भरा कदम उठाना चाहिए, और वह है सरेंडर करना।" बता दें कि पीट हेगसेथ ने शुक्रवार को कहा था कि हालिया सैन्य हमलों के बाद युवा खामेनेई "घायल और संभवतः विकृत" हो गए हैं। हेगसेथ ने दावा किया कि ईरानी राष्ट्राध्यक्ष "डरे हुए", "घायल" और "वैधता से रहित" हैं।

खारग द्वीप पूरी तरह नष्ट

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान के रणनीतिक तेल निर्यात केंद्र खारग द्वीप पर भारी हमले किए हैं। उन्होंने दावा किया कि इस अभियान में द्वीप पूरी तरह से नष्ट हो गया है, हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि लंबे पुनर्निर्माण कार्यों से बचने के लिए ऊर्जा अवसंरचना को सुरक्षित रखा गया है। ट्रंप ने कहा, "हमने इसे पूरी तरह से तबाह कर दिया है। हम मजे के लिए इस पर कुछ और हमले कर सकते हैं।" ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने पहले ही ईरान की अधिकांश मिसाइलों और ड्रोनों को सफलतापूर्वक नष्ट कर दिया है, जिससे उनकी घरेलू उत्पादन क्षमता काफी हद तक बर्बाद हो गई है। 

होर्मुज स्ट्रेट में युद्धपोत तैनात करने का आह्वान

ट्रंप ने होर्मुज स्ट्रेट में प्रभावित कई देशों से इस महत्वपूर्ण जलमार्ग पर युद्धपोत तैनात करने का आह्वान किया है। इसमें खासकर उन्होंने ब्रिटेन, चीन, फ्रांस, जापान और दक्षिण कोरिया का नाम लिया है। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि आगामी चुनावों पर इसके प्रभाव को लेकर उन्हें "बिल्कुल भी चिंता नहीं" है। अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस बात पर जोर दिया कि उनकी वर्तमान सैन्य और राजनयिक रणनीति क्षेत्रीय सुरक्षा पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि उनका एकमात्र उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ईरान फिर कभी मिडिल-ईस्ट का मध्य पूर्व में धाक न जमा सके।

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