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इस बीमारी ने ली कॉमेडियन असरानी की जान, सांस लेने में होती है परेशानी, शरीर में दिखते हैं ये लक्षण

Written By: Bharti Singh @bhartinisheeth Published : Oct 22, 2025 01:31 pm IST, Updated : Oct 22, 2025 01:31 pm IST

Asrani Death Causes Disease: मशहूर कॉमेडियन असरानी की मौत की वजह सामने आई है। उनके मैनेजर ने बताया कि फेफड़ों में पानी भरने से सांस की दिक्कत होने लगी है, इसे पल्मोनरी एडिमा कहा जाता है। जानिए इस बीमारी के क्या हैं लक्षण?

किस बीमारी से हुई असरानी की मौत- India TV Hindi
Image Source : IMAGE SOURCE : BOLLYWOOD HUNGAMA किस बीमारी से हुई असरानी की मौत

कॉमेडी के बेताज बादशाह असरानी हंसते-हंसते दुनिया को अलविदा कह गए। 84 साल के असरानी फेफड़ों की बीमारी पल्मोनरी एडिमा से जूझ रहे थे। इसे फुफ्फुसीय शोफ भी कहते हैं। फेफड़ों की ये बीमारी इंसान को धीरे-धीरे कमजोर बना देती है। शुरुआत में ही लक्षणों को पहचान कर इसका इलाज किया जाना जरूरी है। असरानी को कुछ दिनों से सांस लेने में तकलीफ हो रही थी, जिसके बाद परिजनों ने उन्हें अस्पताल भी भर्ती कराया था। डॉक्टर्स की मानें तो बढ़ती उम्र में फेफड़ों की ये बीमारी मौत का कारण बन सकती है। जानिए पल्मोनरी एडिमा के लक्षण क्या हैं और ये कैसे होती है। पल्मोनरी एडिमा से बचने के उपाय क्या हैं?

पल्मोनरी एडिमा क्या है?

इस बीमारी में फेफड़ों की वायु थैलियों (एल्वियोली) में तरल पदार्थ जमा हो जाता है। जिसकी वजह से ऑक्सीजन और कार्बन डाइऑक्साइड के लेने और छोड़ने में परेशानी होती है। इससे सांस लेने में तकलीफ होने लगती है और फेफड़ों के फंक्शन पर असर होता है। ये कंडीशन अचानक से बढ़ सकती है या लंबे समय में धीरे-धीरे पैदा हो सकती है। हार्ट से जुड़ी बीमारियों, फेफड़ों में इंफ्केशन, प्रदूषण, स्ट्रोक, दवा की ओवरडोज और कई दूसरे कारण इसकी वजह हो सकते हैं। समय पर लक्षणों की पहचान कर इसका इलाज जल्दी और आसानी से किया जा सकता है। 

पल्मोनरी एडिमा के लक्षण

  • इस बीमारी में सांस लेने में तकलीफ होती है। अक्सर सांस फूलने लगती है या ऑक्सीजन की कमी महसूस होने लगती है।

  • ऐसे व्यक्ति को लेटते समय सांस लेने में परेशानी होती है। बैठने या तकिया के सहारे बैठकर सांस लेने से आराम मिलता है।

  • अगर लगातार खांसी हो रही है और कभी-कभी झागदार या गुलाबी रंग का बलगम भी आ रहा है तो ये पल्मोनरी एडिमा के लक्षण हो सकते हैं।

  • घरघराहट या शोर वाली सांसी भी इसके लक्षण हो सकते हैं। सोते वक्त खांसी भी बढ़ने लगती है।

  • ऑक्सीजन की कमी होने की वजह से सांस तेजी से चलने लगती है।

  • शरीर में ऑक्सीजन की कमी के कारण त्वचा का रंग नीला पड़ने लगता है। होठ और उंगलियों की त्वचा भी नीली पड़ जाती है।

  • थकान, कमजोरी, बेचैनी या चिंता भी ऐसे मरीज में बढ़ जाती है। 

  • अगर टखनों, पैरों या टांगों में सूजन दिखाई दे रही है तो ये पल्मोनरी एडिमा के लक्षण हैं।

  • तेज पसीना आना, हार्ट बीट बढ़ना और सांस लेने में तकलीफ होना भी इसका लक्षण है।

Source: maxhealthcare.in/blogs

Disclaimer: (इस आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स केवल आम जानकारी के लिए हैं। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इंडिया टीवी किसी भी प्रकार के दावे की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता है।)

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