देश के नौ राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर की प्रक्रिया तेजी से जारी है। चुनाव आयोग ने रविवार को बताया कि इन जगहों पर रहने वाले 51 करोड़ वोटर्स में से 49 करोड़ को काउंटिंग फॉर्म बांटे जा चुके हैं। निर्वाचन आयोग ने रविवार को कहा कि पश्चिम बंगाल में चार नवंबर को मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्य शुरू होने के बाद से 7.61 करोड़ गणना प्रपत्र वितरित किए गए हैं। आयोग के एक अधिकारी ने बताया कि अब तक 99.42 प्रतिशत मतदाताओं को इस प्रक्रिया में शामिल किया जा चुका है।
अधिकारी ने बताया, ‘‘रविवार रात आठ बजे तक गणना प्रपत्र वितरण के तहत अनुमानित 7.61 करोड़ लोगों का इस प्रक्रिया में शामिल किया चुका है।’’ पश्चिम बंगाल में कुल 7.66 करोड़ मतदाता हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने शनिवार को सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिया था कि वे भरे हुए विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) गणना प्रपत्रों को इकट्ठा करने का काम इसी माह पूरा कर लें।
नौ राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों के लगभग 51 करोड़ मतदाताओं में से 49 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं को मतदाता सूची के जारी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत गणना प्रपत्र वितरित किए जा चुके हैं। चुनाव आयोग ने अपने दैनिक एसआईआर बुलेटिन में कहा कि 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 49.73 करोड़ गणना प्रपत्र वितरित किए जा चुके हैं। दूसरे शब्दों में, 50.99 करोड़ मतदाताओं में से 97.52 प्रतिशत को आंशिक रूप से भरे हुए प्रपत्र प्राप्त हुए हैं।
जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर की प्रक्रिया हो रही है, उनमें छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, मध्य प्रदेश, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, पुडुचेरी, अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह और लक्षद्वीप शामिल हैं। इनमें से तमिलनाडु, पुडुचेरी, केरल और पश्चिम बंगाल में 2026 में विधानसभा चुनाव होंगे। असम में, जहां 2026 में चुनाव होने हैं, मतदाता सूची के संशोधन की घोषणा अलग से की जाएगी। एसआईआर अभ्यास का दूसरा चरण चार नवंबर को शुरू हुआ और चार दिसंबर तक जारी रहेगा। (इनपुट- पीटीआई भाषा)
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