1. Hindi News
  2. मध्य-प्रदेश
  3. 26 दिसंबर को बाल दिवस, राहुल गांधी के वियतनाम दौरे सहित इन मुद्दों पर बोले CM मोहन यादव

26 दिसंबर को बाल दिवस, राहुल गांधी के वियतनाम दौरे सहित इन मुद्दों पर बोले CM मोहन यादव

 Reported By: Anurag Amitabh Edited By: Malaika Imam
 Published : Dec 31, 2024 05:26 pm IST,  Updated : Dec 31, 2024 05:34 pm IST

मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राहुल गांधी वियतनाम में हैं, जबकि उन्हें पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह की अस्थि विसर्जन में हिस्सा लेना चाहिए था।

मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव- India TV Hindi
मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव Image Source : PTI

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 2024 के आखिरी दिन कई मुद्दों को लेकर बयान दिया। उनके बयान में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के वियतनाम दौरे, विक्रम संवत 2082 के आगमन और 26 दिसंबर को बाल दिवस के रूप में मनाने के मुद्दे शामिल रहे। साथ ही उन्होंने अंग्रेजी वर्ष 2025 की सभी को बधाई दी।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विक्रम संवत 2082 के आगमन पर अपने विचार व्यक्त किए और कहा कि यह संवत गुड्डी पड़वा से शुरू होता है और इसे सम्राट विक्रमादित्य के नाम से जाना जाता है। उन्होंने कहा कि विक्रमादित्य के प्रवर्तन दिवस पर होने वाले विविध कार्यक्रमों की व्यवस्था करने के लिए मैं उज्जैन आया था। उन्होंने कहा कि इस बार का विक्रम उत्सव बहुत अलग होगा।

राहुल के वियतनाम दौरे पर टिप्पणी

राहुल गांधी इस समय वियतनाम के दौरे पर हैं। इसे लेकर डॉ. मोहन यादव ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राहुल गांधी वियतनाम में हैं, जबकि उन्हें पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह की अस्थि विसर्जन में हिस्सा लेना चाहिए था। उन्होंने कहा कि अगर राहुल गांधी इस कार्यक्रम में शामिल होते तो उनका गौरव बढ़ता।

26 दिसंबर को बाल दिवस पर बयान

26 दिसंबर को बाल दिवस मनाने को लेकर डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सही अर्थों में बाल दिवस उस दिन मनाना चाहिए था, जब गुरु गोविंद सिंह के साहबजादों ने शहादत दी थी।

बाबा साहेब को लेकर कांग्रेस पर आरोप

सीएम मोहन यादव ने कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर के जीवन में सबसे ज्यादा कष्ट अगर किसी पार्टी से आया है, तो वह कांग्रेस से आया है। राहुल गांधी और उनकी कांग्रेस के माध्यम से आया है। उनके पूर्वजों ने जितना अंबेडकर जी को कष्ट दिया इतने कष्ट किसी को दिए ही नहीं। अंबेडकर जी को चुनाव नहीं लड़ने दिया गया। उनको अपना मनपसंद मंत्रालय नहीं दिया। उनके जो सुझाव धारा 370 को लेकर थे, अंबेडकर जी ने पाकिस्तान के पार्टीशन का भी विरोध किया था, लेकिन अंबेडकर जी चुनाव लड़ने गए तो कांग्रेस ने आगे बढ़कर उन्हें हराया। अंबेडकर जी के जितने कष्ट हैं वह सबकुछ कांग्रेस से आए। अब राहुल गांधी चुनाव के आधार पर वोट बैंक का रास्ता ढूंढना चाह रहे हैं। जनता समझदार है। कांग्रेस लगातार तीसरा लोकसभा चुनाव बुरी तरीके से हारी है और उनके साथी भी साथ छोड़ रहे हैं।

ये भी पढ़ें-

रेलवे ट्रैक उड़ाने की एक और साजिश, पटरी पर मिला गैस से भरा सिलेंडर, जांच में जुटी पुलिस

साल के आखिरी दिन CM एन बीरेन सिंह ने मणिपुर हिंसा के लिए मांगी माफी, बोले- मुझे सच में खेद है, जानें और क्या कहा

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। मध्य-प्रदेश से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।