नेशनल हाइवे पर बने टोल प्लाजा को लेकर सरकार नए नियम लाने पर विचार कर रही है। अब सरकार टोल प्लाजा पर कैश के भुगतान को बंद करने पर विचार कर रही है। इसकी जगह अब पूरी तरह से कैशलेस भुगतान की व्यवस्था पर सरकार विचार कर रही है।
700 से ज्यादा निवेशकों के साथ, एनएचआईटी की यूनिट्स का मौजूदा मार्केट कैप लगभग 28,000 करोड़ रुपये है। एनएचआईटी की यूनिट्स भारतीय शेयर बाजार के दोनों प्रमुख एक्सचेंजों एनएसई और बीएसई पर लिस्ट हैं।
सड़क, परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने कहा कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने महाराष्ट्र में NH-160A के 154.63 किमी संबे सेक्शन के पुनर्वास और उन्नयन को इंजीनियरिंग, खरीद और निर्माण (EPC) मोड पर मंजूरी दी है।
भारत में ड्राइविंग करने वाले वाहन मालिकों के लिए जल्द ही बड़ा बदलाव आने वाला है। अगर आपने ई-चालान या टोल टैक्स नहीं भरा है, तो आपको नेशनल हाइवे पर गाड़ी चलाने की अनुमति नहीं मिल सकती। केंद्र सरकार संसद के बजट सत्र में मोटर व्हीकल एक्ट (MVA) में संशोधन की तैयारी कर रही है।
अगर कोई भी व्यक्ति किसी वेबसाइट या लिंक के जरिए आपको फास्टैग एनुअल पास बेचता है तो आपको सावधान हो जाना चाहिए क्योंकि ये एक जाल है और इसमें फंसने से आपको हजारों रुपये का नुकसान हो सकता है।
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के निर्देश पर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी एनएचएआई, गाजियाबाद ने प्रस्ताव को औपचारिक रूप से अपनी स्वीकृति दे दी है।
अगर आप सोचते हैं कि सड़क हादसों की जिम्मेदारी सिर्फ ड्राइवर या ट्रैफिक पुलिस की होती है, तो अब यह धारणा बदलने वाली है। केंद्र सरकार ने अब ठेकेदारों की भी जवाबदेही तय कर दी है।
NHAI के मुताबिक, पास से जुड़ी ये जानकारी टोल प्लाजा के एंट्री और एग्जिट पॉइंट, कस्टमर सर्विस वाली सभी जगहों सहित, सभी विजिबल लोकेशन पर साइनेज बोर्डों पर प्रदर्शित की जाएगी।
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की ये स्कीम देशभर के सभी राष्ट्रीय राजमार्गों पर 31 अक्टूबर, 2025 तक जारी रहेगी।
NHAI के एक अधिकारी ने बताया कि 464 किलोमीटर लंबा 6 लेन का नेशनल हाईवे-130CD रायपुर और विशाखापत्तनम के बीच यात्रा समय को काफी हद तक कम करेगा और छत्तीसगढ़, ओडिशा तथा आंध
क्यूआर कोड वाले साइनबोर्ड न सिर्फ इमरजेंसी और स्थानीय जानकारी तक बेहतर पहुंच के जरिए सड़क सुरक्षा को बढ़ाएंगे बल्कि यूजर एक्सपीरियंस और नेशनल हाईवे के प्रति जागरूकता में भी इजाफा करेंगे।
अक्सर हाईवे पर यात्रियों को ऐसी स्थिति का सामना करना पड़ता है, जहां सही जगह या मदद तक पहुंचने में समय बर्बाद हो जाता है। लेकिन अब यह मुश्किल जल्द ही खत्म होने वाली है। NHAI ने एक बड़ा कदम उठाते हुए यह घोषणा की है कि वह देशभर के राष्ट्रीय राजमार्गों पर क्यूआर कोड साइन बोर्ड लगाने जा रहा है।
एनएचएआई ने कहा कि ऐसे उदाहरण देखे गए हैं जहां चयनित बोलीदाताओं ने प्राधिकरण की आवश्यक पूर्व स्वीकृति के बिना ठेकेदारों को नियुक्त किया है या स्वीकृत उप-ठेका सीमा को पार कर लिया है।
4-लेन का एक्सेस कंट्रोल्ड कॉरिडोर, जिसमें टोल टैक्स की सुविधा है और 100 किमी/घंटा की डिजाइन स्पीड के साथ 80 किमी/घंटा की औसत वाहन गति को सपोर्ट करता है, जो कुल यात्रा समय को लगभग 1.5 घंटे तक कम कर देगा।
नितिन गडकरी ने कहा कि जलवायु परिवर्तन भारत के सामने सबसे बड़ी चुनौती है। उन्होंने कहा कि भारत को 5000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था और दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने के लिए अपने बुनियादी ढांचे में सुधार करना होगा।
भुवनेश्वर बाइपास प्रोजेक्ट तीन नेशनल हाईवे- NH-55, NH-57 और NH-655 के साथ-साथ एक राज्य राजमार्ग SH-65 से जोड़ा जाएगा।
15 अगस्त, 2025 से देशभर में शुरू हुआ फास्टैग एनुअल पास तेजी से खरीदा जा रहा है और इसका इस्तेमाल भी लगातार तेजी से बढ़ रहा है।
उत्तर प्रदेश के 4 प्रमुख एक्सप्रेसवे- यमुना एक्सप्रेसवे, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे, बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे और आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर ये फास्टैग एनुअल पास नहीं चलेगा।
द्वारका एक्सप्रेसवे के 10.1 किलोमीटर लंबे दिल्ली सेक्शन का डेवलपमेंट लगभग 5360 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है।
Fastag Annual Pass के तहत वाहन चालकों को हर बार टोल चार्ज देने की जरूरत नहीं पड़ेगी, बल्कि वे एक बार में सालभर का भुगतान कर सकते हैं। यह पास कैसे मिलेगा, कितना खर्च होगा, कौन-कौन से वाहन इसके दायरे में आएंगे, इन सभी सवालों के जवाब आपको पता होना जरूरी है।
लेटेस्ट न्यूज़