1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. Pakistan Train Hijack: यात्रियों ने सुनाई आपबीती, बोले 'कयामत जैसा खौफनाक था मंजर'

Pakistan Train Hijack: यात्रियों ने सुनाई आपबीती, बोले 'कयामत जैसा खौफनाक था मंजर'

 Edited By: Amit Mishra
 Published : Mar 12, 2025 07:02 pm IST,  Updated : Mar 12, 2025 07:02 pm IST

बलूच लिबरेशन आर्मी ने मंगलवार को एक ट्रेन को हाईजैक कर लिया। इस ट्रेन में करीब 500 यात्री सवार थे जिनमें से कई को बंधक बना लिया गया है। अब जो यात्री रिहा किए गए हैं उन्होंने पूरी घटना को लेकर जो आपबीती बताई है वह बेहद हैरान करने वाली है।

पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में ट्रेन को हाईजैक किया गया- India TV Hindi
पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में ट्रेन को हाईजैक किया गया Image Source : AI

इस्लामाबाद: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में जिस ट्रेन को हाईजैक किया गया उसके एक यात्री मुश्ताक मोहम्मद ने आपबीती सुनाते हुए कहा कि हमले के उस खौफनाक मंजर को वह कभी भुला नहीं पाएंगे। मुश्ताक उन यात्रियों में शामिल हैं जिन्हें यात्री ट्रेन पर बलूच विद्रहियों के हमले के बाद बचाया गया है। सुरक्षा अधिकारियों के अनुसार, पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में मंगलवार को एक सुरंग में बलूच आतंकवादियों द्वारा एक यात्री ट्रेन पर हमला किए जाने के बाद सुरक्षा बलों ने कम से कम 27 आतंकवादियों को मार गिराया और 155 यात्रियों को बचा लिया गया है। सुरक्षा सूत्रों ने बताया कि बचाव अभियान के दौरान 37 यात्री घायल हो गए हैं जिन्हें इलाज मुहैया कराया गया है। 

बीएलए ने ली जिम्मेदारी

अधिकारियों ने बताया कि 9 डिब्बों में लगभग 500 यात्रियों को लेकर जाफर एक्सप्रेस ट्रेन क्वेटा से खैबर पख्तूनख्वा के पेशावर जा रही थी तभी सशस्त्र हमलावरों ने मंगलवार की दोपहर को बोलान क्षेत्र में पीरू कुनरी और गुदलार के पहाड़ी इलाकों के पास एक सुरंग में उसे रोक लिया। ‘बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी’ (बीएलए) ने बाद में इस हमले की जिम्मेदारी ली। कुछ यात्रियों ने दावा किया कि हमलावरों ने उनसे कहा था कि वो बलूच, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को छोड़ रहे हैं लेकिन सरकारी अधिकारियों ने दावा किया कि उनमें से 100 से अधिक लोगों को उन्होंने बचाया है। 

पाकिस्तान क्वेटा रेलवे स्टेशन
Image Source : APपाकिस्तान क्वेटा रेलवे स्टेशन

भुलाया नहीं जा सकता मंजर

‘बीबीसी उर्दू’ की एक रिपोर्ट के अनुसार, ट्रेन के डिब्बा संख्या तीन में सवार मुश्ताक ने कहा, ‘‘हमले की शुरुआत में एक ‘बड़ा विस्फोट’ हुआ।’’ उसने कहा, ‘‘इसके बाद गोलीबारी शुरू हो गई जो एक घंटे तक जारी रही। यह ऐसा मंजर था जिसे कभी नहीं भुलाया जा सकता।’’ इसी ट्रेन के डिब्बा संख्या सात में सवार इशाक नूर नाम का यात्री अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ क्वेटा से रावलपिंडी जा रहा था। इशाक नूर ने कहा, ‘‘विस्फोट इतना जोरदार था कि ट्रेन की खिड़कियां एवं दरवाजे हिल गए और मेरे पास बैठा मेरा एक बच्चा नीचे गिर गया।’’ उन्होंने कहा, ‘‘गोलीबारी करीब 50 मिनट तक चली होगी इस दौरान हम सांस तक नहीं ले पा रहे थे, हमें नहीं पता था कि क्या होगा।’’

'बलूची भाषा में कर रहे थे बात'

मुश्ताक ने कहा कि गोलीबारी धीरे-धीरे बंद हो गई और हथियारबंद लोग ट्रेन के डिब्बों में घुस आए। उन्होंने कहा, ‘‘उन्होंने कुछ लोगों के पहचान पत्र देखने शुरू कर दिए और उनमें से कुछ को अलग कर दिया। तीन आतंकवादी हमारे डिब्बे के दरवाजों पर पहरा दे रहे थे। उन्होंने लोगों से कहा कि वे आम नागरिकों, महिलाओं, बूढ़े और बलूच लोगों से कुछ नहीं कहेंगे।’’ मुश्ताक ने कहा कि हमलावर आपस में बलूची भाषा में बात कर रहे थे और उनका नेता उनसे बार-बार कह रहा था कि वो सुरक्षाकर्मियों पर खास नजर रखें और वो हाथ से निकलने ना पाएं। 

ट्रेन हाईजैक से रिहा हुए यात्री
Image Source : APट्रेन हाईजैक से रिहा हुए यात्री

विरोध करने की कोशिश करने पर क्या किया?

इशाक ने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि उन्होंने हमारे डिब्बे से कम से कम 11 यात्रियों को नीचे उतारा और कहा कि वो सुरक्षाकर्मी हैं। इस दौरान एक व्यक्ति ने विरोध करने की कोशिश की जिसके बाद उसे प्रताड़ित किया गया और फिर गोलियों की आवाज आई। इसके बाद डिब्बे में मौजूद सभी लोगों ने उनके निर्देशों का पालन किया।’’ उन्होंने कहा, ‘‘वो मुझे जाने नहीं दे रहे थे लेकिन जब मैंने उन्हें बताया कि मैं तुर्बत (बलूचिस्तान) का निवासी हूं और मेरे साथ बच्चे एवं महिलाएं हैं तो उन्होंने मुझे भी जाने दिया।’’

खौफनाक था मंजर 

एक अन्य यात्री मोहम्मद अशरफ ने कहा कि आतंकवादियों ने बुजुर्गों, नागरिकों, महिलाओं और बच्चों को जाने दिया। उन्होंने कहा, ‘‘यात्री बहुत डरे हुए थे, यह कयामत के दिन जैसा खौफनाक मंजर था।’’ अशरफ ने कहा, ‘‘मेरे अनुमान के अनुसार, वो (बलूच विद्रोही) अपने साथ करीब 250 लोगों को ले गए थे और हमलावरों की संख्या करीब 1,100 थी।’’ (भाषा)

यह भी पढ़ें:

पाकिस्तान ट्रेन हाईजैक मामले में बड़ा अपडेट, अफगानिस्तान में अपने आकाओं से संपर्क में थे बलूच विद्रोही; सामने आया AUDIO

बलूचिस्तान में ट्रेन हाइजैक के बाद डरा पाकिस्तान! उठाए एहतियाती कदम, क्वेटा के लिए रेल सेवाएं निलंबित

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश