1. Hindi News
  2. उत्तर प्रदेश
  3. "अयोध्या में बीजेपी हारी नहीं, जानबूझकर सीट छोड़ी", जगतगुरु परमहंस आचार्य का बयान

"अयोध्या में बीजेपी हारी नहीं, जानबूझकर सीट छोड़ी", जगतगुरु परमहंस आचार्य का बयान

 Edited By: Malaika Imam @MalaikaImam1
 Published : Jun 06, 2024 07:41 am IST,  Updated : Jun 06, 2024 07:41 am IST

अयोध्या से भाजपा प्रत्याशी लल्लू सिंह के हारने को लेकर तपस्वी छावनी पीठाधीश्वर जगतगुरु परमहंस आचार्य ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भाजपा हारी नहीं है, इसके पीछे एक रहस्य है। भाजपा ने जानबूझकर अयोध्या की सीट छोड़ी है।

जगतगुरु परमहंस आचार्य- India TV Hindi
जगतगुरु परमहंस आचार्य Image Source : IANS

लोकसभा चुनाव 2024 के नतीजे सामने आने के बाद जीत-हार को लेकर हर जगह मंथन का दौर जारी है। हर कोई चकित है कि आखिर अयोध्या जैसी सीट पर भाजपा को क्यों शिकस्त मिली। इस बीच, अयोध्या से भाजपा प्रत्याशी लल्लू सिंह के हारने को लेकर तपस्वी छावनी पीठाधीश्वर जगतगुरु परमहंस आचार्य ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भाजपा हारी नहीं है, इसके पीछे एक रहस्य है। भाजपा ने जानबूझकर अयोध्या की सीट छोड़ी है। इसका कारण यह था कि गठबंधन ने यहां से एक दलित व्यक्ति को टिकट दिया था, जो अत्यंत बुजुर्ग हैं, इतने बुजुर्ग हैं कि ये समझिए कि उनका साल और 6 महीने चलना मुश्किल है। बीजेपी में बुजुर्गों और दलितों का सम्मान सर्वोपरि है।

"भगवान राम प्रत्येक व्यक्ति की खबर रखते थे"

उन्होंने रामायण का जिक्र करते हुए कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के समय रामराज था। उस वक्त भगवान राम प्रत्येक व्यक्ति की खबर रखते थे, चारों तरफ देखते थे, किसी को कोई कष्ट तो नहीं है। उस समय पता चला है कि एक दलित ने कहा था, मैं चाहता हूं भगवान राम सीता का परित्याग कर दें, तो प्रभु श्रीराम ने सीता का परित्याग कर दिया था। उस वक्त मंथरा ने कहा था कि भगवान राम को 14 साल के लिए वनवास पर जाना चाहिए। उन्हें जब यह पता चला था कि मंथरा ने कहा है जो कि एक दलित महिला थी, तो प्रभु श्रीराम खुशी-खुशी 14 साल के लिए वन चले गए। माता शबरी के जूठे बेर भी खाए।

"बुर्जुग और दलित के सम्मान में छोड़ी सीट"

परमहंस आचार्य ने आगे कहा कि भाजपा अयोध्या की सीट हारी नहीं है। इसको नरेंद्र मोदी ने जानबूझकर एक बुर्जुग और दलित के सम्मान में छोड़ दी है। मैं आपको अंदर की एक बात बताता हूं कि अयोध्या में भाजपा कार्यकर्ता लल्लू सिंह कहते थे कि इस बार यहां पर दलित के सम्मान पर वोट देना चाहिए। यह एक बड़ी बात है और यही रामराज है, लोग इस बात को समझेंगे, तो उन्हें पता चलेगा कि नरेंद्र मोदी का व्यक्तित्व कितना बड़ा है, उनका दलित, गरीब और किसानों के प्रति कितना प्रेम है, उतना और किसी के अंदर नहीं हो सकता है। यहां भाजपा हारी नहीं है, यहां से जीतने वाले प्रत्याशी इतने बुर्जुग हैं। आगे जब चुनाव होंगे, तो भाजपा यहां लाखों वोट से जीतेगी। 

अयोध्या से बीजेपी के दो बार के सांसद हारे 

बता दें कि अयोध्या से समाजवादी पार्टी के अवधेश प्रसाद ने भाजपा के दो बार के सांसद लल्लू सिंह को 54,567 वोटों से हराया है। वहीं, भाजपा प्रत्याशी लल्लू सिंह को 4 लाख 99 हजार 722 वोट प्राप्त हुए। (IANS)

ये भी पढ़ें- 

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। उत्तर प्रदेश से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।