Monday, February 02, 2026
Advertisement
  1. Hindi News
  2. विदेश
  3. एशिया
  4. मौत के बाद 11 साल से इजरायली सैनिक कर रहा था अपने देश आने का इंतजार, वापस लौटा तो टूट पड़ा आंसुओं का सैलाब

मौत के बाद 11 साल से इजरायली सैनिक कर रहा था अपने देश आने का इंतजार, वापस लौटा तो टूट पड़ा आंसुओं का सैलाब

इजरायली सैनिक अपनी मौत के बाद 11 साल से स्वदेश लौटने की राहें ताक रहा था। मंगलवार को उसका शव जब इजरायल पहुंचा तो उसके स्वागत में आंसुओं का सैलाब टूट पड़ा। इजरायली लोग गोल्डिन के अंतिम संस्कार में आंसू बहाते दिखे।

Edited By: Dharmendra Kumar Mishra @dharmendramedia
Published : Nov 11, 2025 04:07 pm IST, Updated : Nov 11, 2025 04:07 pm IST
हैदर गोल्डिन, इजरायली सैनिक (फाइल)- India TV Hindi
Image Source : X@IDF हैदर गोल्डिन, इजरायली सैनिक (फाइल)

कफर साबा (इज़राइल): इजरायल-हमास युद्ध के बाद दोनों पक्षों में हुए सीजफायर ने उस इजरायली सैनिक की उम्मीदें पूरी कर दीं, जो अपनी मौत के बाद करीब 11 साल से अपने देश वापसी का इंतजार कर रहा था। इस सैनिक का नाम था लेफ्टिनेंट हैदर गोल्डिन... जब मध्य इज़राइल के कफर साबा शहर में गोल्डिन का शव वापस आया तो मंगलवार को हजारों की संख्या में इज़रायली नागरिक सेना के इस लेफ्टिनेंट के अंतिम संस्कार में उमड़ पड़े। 

कौन था गोल्डिन

23 वर्षीय गोल्डिन इजरायली सेना का लेफ्टिनेंट था। 2014 के इजरायल-हमास युद्ध के दौरान उसकी हत्या कर दी गई थी। तब से गोल्डिन का शव हमास के कब्जे में था। यानि पिछले 11 वर्षों से गोल्डिन का शव गाजा पट्टी में हमास के कब्जे में था। इजरायल-हमास में हुए ताजा युद्ध विराम समझौते के तहत हमास ने 11 साल बाद गोल्डिन का शव इजरायल को वापस सौंपा। इस दौरान गोल्डिन के अंतिम संस्कार में कब्रिस्तान में भारी भीड़ जमा हो गई, जबकि आसपास की सड़कों पर लोग इज़रायल के राष्ट्रीय ध्वज थामे खड़े थे। यह दृश्य न केवल एक सैनिक को विदाई दे रहा था, बल्कि एक लंबे इंतजार की दर्दभरी कहानी का अंतिम अध्याय भी था।

 

गोल्डिन का परिवार हुआ भावुक

गोल्डिन का अंतिम संस्कार उनके परिवार के लिए बेहद भावुक क्षण साबित हुआ। उनके माता-पिता, लिआह और सिमचा गोल्डिन ने वर्षों तक उनके अवशेषों को वापस लाने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अभियान चलाया। लिआह ने अंतिम संस्कार के दौरान दिए गए भाषण में कहा, "हैदर एक सैनिक था, जो देश की रक्षा के लिए लड़ा, लेकिन हमास ने न केवल उसके मानवीय अधिकारों का उल्लंघन किया, बल्कि हमारे पूरे परिवार के धार्मिक और नैतिक अधिकारों को भी कुचल दिया।" सिमचा ने भी भावुक होकर कहा कि यह दिन उनके लिए "नए घावों का अंत" है, लेकिन इज़रायल की एकजुटता ने उन्हें ताकत दी। 

गोल्डिन के शव वापसी पर क्या बोले इजरायल के आर्मी चीफ

इज़रायली सेना के प्रमुख ने गोल्डिन की बहादुरी और उनके जैसे सैनिकों के बलिदान को याद किया गया। 1 अगस्त 2014 को गाजा में युद्धविराम लागू होने के मात्र दो घंटे बाद हमास के हमलावरों ने गोल्डिन का अपहरण कर लिया था। इज़रायली सेना ने तभी उनके मारे जाने की पुष्टि की थी, लेकिन शव हमास के पास रहा। पिछले रविवार को हमास ने गोल्डिन के अवशेष लौटाए, जो राफा के एक सुरंग में मिले थे। इसी सौदे में सात अक्टूबर 2023 के हमास के हमले में बंधक बने चार अन्य इज़रायलियों के शव भी वापस किए गए। यह घटना अमेरिका-मध्यस्थित युद्धविराम समझौते का हिस्सा थी, जिसमें हमास ने बंधकों के अवशेष लौटाने का वादा किया था। इस अंतिम संस्कार ने इज़रायल में एकजुटता का प्रतीक बनाया। 

नेतन्याहू ने कहा-सभी बंधकों को लाएंगे वापस

प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कैबिनेट बैठक में कहा कि देश सभी बंधकों को वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध है, चाहे वे 2014 के हों या 2023 के। गोल्डिन परिवार ने वर्षों तक अमेरिकी कांग्रेस, पोप और विश्व नेताओं से अपील की, जो अब न्याय की जीत के रूप में सामने आया। लेकिन यह खुशी दर्द से भरी है—गाजा में अभी भी चार बंधकों के शव बाकी हैं। इज़राइल ने बदले में 300 फिलिस्तीनी अवशेष लौटाए, जिनमें से 89 की पहचान हो चुकी है।यह घटना मध्य पूर्व शांति प्रक्रिया की जटिलताओं को उजागर करती है। गोल्डिन, जो एक प्रतिभाशाली कलाकार और हाल ही में सगाई करने वाले युवा थे, अब पूर्ण यहूदी दफन rites के साथ विश्राम करेंगे। उनका बलिदान इज़राइल की सुरक्षा के लिए एक यादगार उदाहरण बनेगा।

Latest World News

Google पर इंडिया टीवी को अपना पसंदीदा न्यूज सोर्स बनाने के लिए यहां
क्लिक करें

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Asia से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश

Advertisement
Advertisement
Advertisement