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ताइवान पर कम होगा तनाव? बुधवार को मिलेंगे अमेरिकी प्रेसिडेंट जो बाइडेन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग

 Written By: Deepak Vyas @deepakvyas9826
 Published : Nov 14, 2023 11:40 am IST,  Updated : Nov 14, 2023 11:40 am IST

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग लंबे समय बाद एक बार फिर मुलाकात करने जा रहे हैं। बाइडेन और जिनपिंग बुधवार एपीईसी की बैठक से इतर सैन फ्रांसिस्को में द्विपक्षीय बैठक करेंगे।

अमेरिकी प्रेसिडेंट जो बाइडेन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग- India TV Hindi
अमेरिकी प्रेसिडेंट जो बाइडेन और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग Image Source : FILE

China-America News: चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन के बीच सैन फ्रांसिस्को में बैठक होने जा रही है। ताइवान सहित कई मुद्दों पर तल्खी के बीच बुधवार को होने वाली इस बैठक पर दुनिया की नजर है। इस द्विपक्षीय बैठक से पहले अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जेक सुलिवन ने कहा, यदि कुछ मुद्दों को प्रबंधित नहीं किया गया तो दोनों देश आसानी से संघर्ष की ओर बढ़ सकते हैं। 

सुलिवन ने कहा, यदि अच्छी तरह से कुछ मुद्दों को मैनेज नहीं किया गया तो अमेरिका और चीन संबंध आसानी से संघर्ष की ओर बढ़ सकते हैं। अमेरिका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जेक सुलिवन ने अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडेन और उनके चीनी समकक्ष शी जिनपिंग के बीच होने वाली बैठक से पहले यह बयान दिया। बता दें बाइडेन और शी बुधवार एपीईसी की बैठक से इतर सैन फ्रांसिस्को में द्विपक्षीय बैठक करेंगे।

'ताइवान पर निकाला जा सकता है कूटनीतिक हल'

सुलिवन ने अपने बयान में कहा, अमेरिका के पास अवसर है कि ताइवान जलडमरूमध्य में शांति और स्थिरता को प्रभावी ढंग से कैसे प्रबंधित करते हैं। उन्होंने कहा, कुछ मुद्दों पर गहन कूटनीति के माध्यम से हम इन्हें प्रबंधित करने में सक्षम हुए हैं। सुलिवन ने कहा, आने वाले दिनों में उस मुद्दे पर कुछ प्रगति देखने की उम्मीद कर रहे हैं, जिनसे आपसी सहयोग के द्वार खुल सके। 

रूस यूक्रेन जंग पर भी हो सकती है बात

अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार ने कहा कि सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि यह एक जटिल और प्रतिस्पर्धी रिश्ता है, जो अगर अच्छी तरह से प्रबंधित नहीं किया गया तो आसानी से संघर्ष या टकराव में बदल सकता है। पत्रकारों को संबोधित करते हुए सुलिवन ने कहा, इसलिए रिश्ते को प्रभावी ढंग से प्रबंधित करना राष्ट्रपति उनके लिए काम करने वाले सभी लोगों की सबसे महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। साथ ही उन्होंने कहा, अमेरिका और चीन को सामने आने वाले सभी महत्वपूर्ण मुद्दों पर एक-दूसरे से सीधे बात करने में सक्षम होना होगा, जिसमें रूस-यूक्रेन  युद्ध जैसे मुद्दे भी शामिल हैं। उन्हें उम्मीद है कि अमेरिका-चीन के शीर्ष नेतृत्व द्विपक्षीय संबंधों के सबसे बुनियादी तत्वों पर चर्चा करेंगे।

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