गया: बिहार के गया से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां अपराधियों ने डॉक्टर को गोली मार दी है, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। बाइक सवार 3 अपराधियों ने डॉक्टर पर 3 गोलियां चलाईं, जिसमें एक गोली डॉक्टर के जबड़े में लगी। गंभीर रूप से घायल डॉक्टर को अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा गया है।
इसके अलावा पटना के फुलवारी शरीफ थानांतर्गत आदर्शनगर में एक वृद्ध महिला की देर रात हत्या हुई है। नगर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) ने घटनास्थल का निरीक्षण किया है। एक मीडियाकर्मी की मां के साथ इस घटना को अंजाम दिया गया है।
मीडियाकर्मी देर रात दफ्तर से घर लौटे थे। उसके बाद जब सुबह वह ऊपरी तल्ले पर गए तो मां का शव देखा। इसके बाद घटना की सूचना पटना पुलिस के आला अधिकारियों को दी गई। प्रथम दृष्टया यह बात सामने आ रही है कि लूटपाट का विरोध करने पर वृद्ध महिला की हत्या कर दी गई है।
आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने बिहार में घट रही आपराधिक घटनाओं को लेकर नीतीश सरकार पर हमला बोला है। तेजस्वी यादव ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा, "बीजेपी ने बिहार को बनाया तालिबान! गया में डॉक्टर को मारी गोली। पटना में दो गुटों में खुलीगोलीबारी। पटना में महिला को मारी गोली। रोहतास में व्यवसायी की हत्या। मोदी-नीतीश भाजपाई सरकार बेबस। DK टैक्स संरक्षित गुंडे अपराधी बेधड़क!"
बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा, "पहले अराजकता थी और अपराधियों को संरक्षण दिया जा रहा था। आज कोई भी यह दावा नहीं कर सकता कि मुख्यमंत्री या कोई मंत्री किसी अपराधी को संरक्षण दे रहा है। क्या कारण है कि जब चुनाव में केवल तीन महीने बचे हैं, तो अपराधियों को पकड़ा जा रहा है? वे समाज के केवल एक वर्ग से ही क्यों आते हैं? यह भी समाज के ध्यान में लाया जाना चाहिए। बिहार सरकार और सीएम नीतीश कुमार की प्रतिष्ठा को धूमिल करने की साजिश शुरू हो गई है।"
बिहार में कानून व्यवस्था की स्थिति पर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान कहते हैं, "प्रधानमंत्री जब सौगात लेकर आ रहे हैं तो उनकी प्राथमिकताएं अलग हैं। वह बिहार को विकसित राज्य बनाने के विजन के साथ काम कर रहे हैं। जहां तक कानून व्यवस्था की बात है तो सभी जानते हैं कि यह राज्य सरकार का मामला है। ऐसे में यह कहना उचित नहीं है कि प्रधानमंत्री चिंतित नहीं हैं। हाल के दिनों में जिस तरह से आपराधिक घटनाएं बढ़ी हैं, उसे देखते हुए जिस तरह से पारस अस्पताल में घुसकर हत्या हुई, उसे उचित नहीं ठहराया जा सकता। हकीकत यह है कि अगर एक भी घटना होती है तो प्रशासन को जिम्मेदारी लेनी होगी। एडीजी यह नहीं कह सकते कि बरसात से पहले ऐसी घटनाएं होती हैं। क्या आप किसानों पर इसका आरोप लगा रहे हैं? राज्य सरकार को यह सुनिश्चित करना होगा कि बिहार के लोगों में सुरक्षा की भावना पैदा हो।" (इनपुट: गया से अजीत)
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