1. Hindi News
  2. एजुकेशन
  3. UGC ने 50 से ज्यादा यूनिवर्सिटीज को जारी किया नोटिस, जानें क्या है मामला

UGC ने 50 से ज्यादा यूनिवर्सिटीज को जारी किया नोटिस, जानें क्या है मामला

 Published : Sep 29, 2025 05:23 pm IST,  Updated : Sep 29, 2025 05:26 pm IST

यूजीसी ने देश भर के 54 निजी विश्वविद्यालयों को नोटिस भेजा है। आइए इस खबर के जरिए इसके पीछे की वजह को जानते हैं।

सांकेतिक फोटो- India TV Hindi
सांकेतिक फोटो Image Source : PEXELS

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग यानी यूजीसी ने देश भर के 54 निजी विश्वविद्यालयों को नोटिस भेजा है। ये संस्थान सार्वजनिक स्व-प्रकटीकरण संबंधी नियमों का पालन करने में विफल रहे हैं। इस संबंध में यूजीसे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने ऑफिशियल हैंडल से एक पोस्ट साझा किया है। जून 2024 में जारी किए गए इन दिशानिर्देशों के अनुसार, विश्वविद्यालयों को अपनी वेबसाइटों पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा करनी होगी। जानकारी आसानी से उपलब्ध होनी चाहिए और इसके लिए लॉगिन या पंजीकरण की आवश्यकता नहीं होनी चाहिए।

विश्वविद्यालयों को अपने रजिस्ट्रार कार्यालय के माध्यम से भी दस्तावेज जमा करने को कहा गया है। उन्हें यही जानकारी अपनी वेबसाइटों पर अपलोड करनी थी। ईमेल और ऑनलाइन बैठकों के माध्यम से याद दिलाने के बावजूद, कई विश्वविद्यालयों ने इसका पालन नहीं किया। यूजीसी ने चेतावनी दी है कि आगे भी कार्रवाई की जा सकती है।

नियम क्या कहते हैं

  • ये दिशानिर्देश उच्च शिक्षा में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए हैं। विश्वविद्यालयों को पाठ्यक्रमों, फैकल्टी, बुनियादी ढांचे, शोध गतिविधियों, प्रशासन और वित्त के बारे में जानकारी प्रदान करनी होगी। वेबसाइट में एक सर्च फीचर होना चाहिए ताकि आगंतुकों को जानकारी जल्दी मिल सके।
  • यूजीसी का कहना है कि ये नियम छात्रों, अभिभावकों और आम जनता को सूचित निर्णय लेने में मदद करते हैं। पारदर्शिता विश्वास भी बढ़ाती है और विश्वविद्यालयों को जवाबदेह बनाती है।

कहां-कहां स्थित हैं विश्वविद्यालय 

ये 54 विश्वविद्यालय असम, बिहार, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, हरियाणा, झारखंड, कर्नाटक, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, मणिपुर, पंजाब, राजस्थान, सिक्किम, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों में फैले हुए हैं।

यूजीसी की चेतावनी

यूजीसी ने विश्वविद्यालयों से तत्काल कार्रवाई करने को कहा है। उसने कहा है कि लगातार लापरवाही बरतने पर और सख्त कदम उठाए जाएंगे। निरीक्षण, दंड या अन्य नियामक कदम उठाए जा सकते हैं।

ये भी पढ़ें- 

रेलवे अपरेंटिस भर्ती: 1100 से ज्यादा वैकेंसी; जानें अप्लाई करने के लिए कितनी होनी चाहिए मेक्सिमम उम्र

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। एजुकेशन से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें।