बीजिंग: चीन ने काबुल हवाई अड्डे पर हुए हमलों पर हैरानी जताते हुए शुक्रवार को कहा कि अफगानिस्तान में सुरक्षा स्थिति ''जटिल और गंभीर'' बनी हुई है और बीजिंग आतंकवादी खतरों से निपटने व युद्ध से तबाह देश को आतंकवाद का अड्डा बनने से रोकने के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ मिलकर काम करेगा। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियान ने यहां मीडिया ब्रीफिंग के दौरान कहा कि काबुल स्थित चीनी दूतावास ने बताया है कि आत्मघाती हमलों में कोई चीनी हताहत नहीं हुआ।
Related Stories
झाओ ने कहा, “चीन काबुल हवाई अड्डे के पास हुए विस्फोटों से स्तब्ध है, जिसमें बड़े पैमाने पर लोग हताहत हुए हैं। हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं।'' गौरतलब है कि काबुल के हामिद करजई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बृहस्पतिवार को हुए दो आत्मघाती हमलों और बंदूकधारियों द्वारा अफगान नागरिकों पर किये गए हमले में 100 से अधिक लोगों की मौत हो गई है, जिनमें 13 अमेरिकी सैनिक शामिल हैं। इस्लामिक स्टेट खुरासान अथवा आईएसआईएस-के ने हमले की जिम्मेदारी ली है।
झाओ ने कहा, “इस घटना से पता चला है कि अफगानिस्तान में सुरक्षा की स्थिति जटिल और गंभीर बनी हुई है। हमें उम्मीद है कि संबंधित पक्ष वहां की स्थिति को सही ढंग से बदलने और अफगान लोगों व विदेशी नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी उपाय कर सकते हैं।'' उन्होंने कहा, ''हम आतंकवादी खतरों से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ काम करेंगे और अफगानिस्तान को फिर से आतंकवाद का अड्डा बनने से रोकेंगे।''