ढेंकानाल: ओडिशा के ढेंकानाल टाउन थाना पुलिस ने आखिरकार उस लुटेरे गैंग को पकड़ लिया है, जिसने पिछले कई महीनों से शहर की नींद उड़ा रखी थी। दिन में ये युवक शहर की गलियों में घूम-घूमकर रेकी करते थे और रात में घरों में घुसकर चोरी को अंजाम देते थे। पुलिस ने इस गिरोह से करीब ₹25 लाख मूल्य के सोने-चांदी के गहने और अन्य सामान बरामद किया है। इस गैंग के चार सदस्य गिरफ्तार हो चुके हैं जबकि एक सदस्य अभी फरार बताया जा रहा है। गिरफ्तार युवकों की उम्र सिर्फ 20 से 22 साल के बीच बताई जा रही है। सभी आरोपी ढेंकानाल शहर के सरजंग साहि इलाके के रहने वाले हैं। हैरानी की बात ये है कि इन चोरों ने एक जगह से गहने के साथ-साथ बैंगन भी चुराए।
कैसे करते थे चोरी?
पुलिस के मुताबिक, यह गैंग बहुत ही शातिर तरीके से चोरी की योजना बनाता था। दिन के समय ये युवक शहर की गलियों में घूमकर यह पता लगाते थे कि कौन से घर बाहर से बंद हैं, किस परिवार के लोग कहां गए हैं और कब लौटने वाले हैं। वे आस-पड़ोस के लोगों से भी चालाकी से जानकारी जुटाते थे ताकि रात में निशाना साधने में आसानी हो।
रात के अंधेरे में, ये आरोपी चेहरे पर मास्क पहनकर घरों में घुसते और कीमती सामान लूटकर फरार हो जाते। उन्हें शहर की हर गली का नक्शा मालूम था, जिससे पुलिस को इन्हें पकड़ने में काफी दिक्कत हुई।
इन लुटेरों की हरकतें सुनकर पुलिस भी हैरान रह गई। कुछ दिन पहले टाउन प्लानिंग इलाके में एक घर में चोरी के दौरान इन युवकों ने न केवल लूट की बल्कि घर में घुसकर मैगी पकाई, चाय बनाई और वहीं बैठकर खाई-पी भी। इतना ही नहीं, घर से निकलते वक्त मकान मालिक के बगीचे से बैंगन तक तोड़कर ले गए!
ऐसी वारदातों से शहर के लोग डर में थे और पुलिस पर दबाव बढ़ता जा रहा था।
सीसीटीवी से मिला सुराग
लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं से परेशान पुलिस ने CCTV फुटेज खंगालना शुरू किया। हर फुटेज को ध्यान से देखने के बाद पुलिस को इन युवकों पर शक हुआ। फिर पुलिस ने उनकी गतिविधियों पर नजर रखनी शुरू की। कुछ दिनों की निगरानी के बाद जब शक पक्का हुआ, तो पुलिस ने कार्रवाई की योजना बनाई।
ढेंकानाल टाउन थाना पुलिस ने छापेमारी कर चार आरोपियों को धर दबोचा, जबकि एक आरोपी फरार है। गिरफ्तार युवकों की पहचान मिलु नायक, लिपु नायक, तपु नायक और मुनु नायक के रूप में हुई है।
पुलिस ने इन लुटेरों के पास से करीब ₹20 लाख मूल्य का माल बरामद किया है, जिसमें 154 ग्राम सोने के गहने, लगभग 1 किलो चांदी के गहने, 5 चोरी के मोबाइल फोन, ₹5,000 नकद, 1 LED टीवी और 6 पंखे और एक कटर मशीन शामिल हैं। पुलिस अब फरार आरोपी की तलाश में जुटी है और इस गिरोह के पीछे और कौन लोग शामिल हैं, इसकी जांच जारी है।
ढेंकानाल के एसडीपीओ का सामने आया बयान
ढेंकानाल के एसडीपीओ रमेश चंद्र डोरा ने कहा, "पिछले 6 महीने से ढेंकनाल में रात में चोरियां हो रही थी। इस मामले की तह तक जाना ढेंकनाल पुलिस के लिए चुनौती थी। एसपी साहब ने इसके लिए एक टीम गठन की थी, जिसका नेतृत्व ढेंकनाल टाउन थाना के आईआईसी कर रहे थे। इस ऑपरेशन में हम लोगों ने चार लोगों को गिरफ्तार किया, जिनके पास से 154 सोने के जवाहरात, 1 किलो चांदी के जवाहरात, कई मोबाइल फोन, नकद पैसे और अन्य चीजें बरामद हुईं। यह चोर दरअसल दिन के समय उन घरों के पास जाकर उनके बारे में पता लगते थे कि घर में कोई है या नहीं, घर के मालिक कहां गए हैं, कब लौटेंगे। दिन में यह सब पता करने के बाद, वे रात को हथौड़ी और अन्य हथियार लेकर जाते थे और घरों के तालों को तोड़कर, घरों के अंदर के सामान चुरा कर फरार हो जाते थे। ताला बंद घरों को तोड़कर, यह लोग सोने के जवाहरात और अन्य कीमती वस्तुओं को भी चुराकर फरार हो जाते थे।"
एसडीपीओ ने बताया कि आखिरी बार जब यह लोग एक घर का ताला तोड़कर उसके अंदर घुसे तो अंदर घुसने के बाद उन लोगों ने उस घर में मैगी बनाई और उसे खाकर, घर के अंदर से कीमती वस्तुएं, यहां तक कि कच्ची सब्जियां और बगीचे से बैंगन भी लेकर फरार हो गए। इस मामले में भी वे आरोपी हैं और हम लोगों ने इस मामले में भी जांच जारी रखी है। सभी आरोपी लगभग 20 से 22 साल के बीच के हैं। हमें मामलों की जांच कर रहे हैं और यह भी सुनिश्चित करेंगे कि अगर कोई इस मामले में शामिल है तो उसे भी गिरफ्तार किया जाए।
ढेंकानाल पुलिस की इस सफलता से जहां शहर के लोग राहत की सांस ले रहे हैं, वहीं इस केस ने यह भी दिखाया गया है कि अपराध कितनी भी चालाकी से किया जाए, कानून के हाथ आखिरकार लंबे होते हैं। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि क्या इस गैंग के पीछे कोई और भी बड़ी साजिश है। (ओडिशा से शुभम कुमार की रिपोर्ट)


