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11 साल की उम्र में मास्टर की डिग्री, आइंस्टीन से भी तेज IQ, अच्छे-अच्छों के छक्के छुड़ाने वाली कौन है ये बच्ची

 Written By: Shailendra Tiwari
 Published : May 09, 2023 12:29 pm IST,  Updated : May 09, 2023 01:07 pm IST

जिस उम्र में बच्चे ठीक से पढ़ना सीख रहे होते हैं उस उम्र में अधारा ने हाईस्कूल पास कर लिया था। अब महज 11 साल की उम्र में ही मास्टर डिग्री हासिल कर इतिहास रच दिया है।

Adhara Pérez Sánchez- India TV Hindi
Adhara Pérez Sánchez Image Source : INSTAGRAM

हम सबने पढ़ा होगा कि दुनिया के सबसे तेज दिमाग वाले इंसान अल्बर्ट आइंस्टीन थे। उनका IQ लेवल 160 था। लेकिन ये रिकॉर्ड महज 11 साल की बच्ची ने तोड़ दिया है। हो सकता है आप मेरी बातों पर भरोसा न कर रहे हों, पर ये सच है। मेक्सिको सिटी की एक 11 वर्षीय बच्ची अधारा पेरेज़ सांचेज़ का IQ लेवल 162 स्कोर दर्ज किया गया है। इतना ही नहीं, इस बच्ची ने इस छोटी-सी उम्र में ही अपनी मास्टर डिग्री भी हासिल कर ली है। जानकारी के लिए बता दें कि सामान्यत: एक छात्र अपनी पोस्टग्रेजुएट की डिग्री 20 साल के बाद ही हासिल कर पाता है। बता दें कि अधारा के आईक्यू दो महान फिजिक्स के साइंटिस्ट, अल्बर्ट आइंस्टीन और स्टीफन हॉकिंग से ज्यादा है।

नासा में करना चाहती है काम

फ्रांसीसी मैगजीन मैरी क्लैरी में छपी खबर के मुताबिक, अधारा का सपना नासा के साथ काम करने का है। अधारा वर्तमान में मैक्सिकन स्पेस एजेंसी के साथ युवा छात्रों को स्पेस एक्सपोलोरेशन और मैथ को बढ़ावा दे रही है। जानकारी के लिए बता दें कि 11 वर्षीय ने बच्ची ने CNCI यूनिवर्सिटी से सिस्टम इंजीनियरिंग में डिग्री हासिल की है और दूसरा टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी ऑफ़ मैक्सिको से मैथ में इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग में डिग्री हासिल की है।

तीन साल की उम्र से ऑटिज़्म

अधारा पेरेज़ सांचेज़ जब तीन साल की थी, तब पता चला कि वह ऑटिज्म से पीड़ित है, बता दें कि ऑटिज्म एक विकासात्मक रोग है जो सोशल इट्रैक्शन और कम्यूनिकेशन में बाधा डालता है, ये बच्चे सामान्य बच्चों की दिखते हैं, बस व्यवहार में थोड़ा सा फर्क होता है।

पड़ोस के बच्चे करते थे तंग

अधारा के माता पिता गरीब है जिनकी आय काफी कम है। आधारा के पड़ोस रहने वाले बच्चे उसे अक्सर तंग किया करते थे। अधारा की मां नायेली सांचेज़ ने मैगजीन को बताया, "वह बहुत उदास थी, लोगों में सहानुभूति नहीं थी, उन्होंने उसका काफी मज़ाक उड़ाया," सांचेज़ ने आगे कहा, " वह अपने दोस्तो के साथ नहीं खेलना चाहती थी, उसे अजीब, अलग लगा। वह थोड़ी देर के लिए स्कूल जा सकती थी लेकिन फिर वह नहीं कर पाई, वह स्कूल में सो जाती, वह कोई काम नहीं करना चाहती थी।"

6 साल की उम्र पास किया हाईस्कूल

सांचेज़ ने बताया की उन्होंने समझा कि बेटी शैतानी कर रही है इसलिए अधारा का मेडिकल काउंसिल करवाया और फिर प्रतिभाशाली बच्चों के लिए एक स्कूल सेंटर फॉर अटेंशन टू टैलेंट (CEDAT) में एडमिशन कराया। स्कूल में उसके आईक्यू की पुष्टि की गई, और उसने 5 साल की उम्र में प्राथमिक स्कूल की पढ़ाई पूरी की, उसके बाद सिर्फ एक साल में मिडिल और हाई स्कूल पास किया।

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