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IPS P Ravindranath: इस सीनियर IPS अधिकारी ने चौथी बार दिया अपने पद से इस्तीफा, जानें क्या है वजह

रवींद्रनाथ पहले नागरिक अधिकार प्रवर्तन निदेशालय (DCRE) के DGP थे, जिन्हें हालही में कर्नाटक पुलिस के प्रशिक्षण विंग में ट्रांसफर किया गया था। राज्य सरकार का ये फैसला इस अधिकारी को बिल्कुल रास नहीं आया।

Rituraj Tripathi Written by: Rituraj Tripathi @rocksiddhartha7
Published on: May 11, 2022 6:50 IST
IPS P Ravindranath- India TV Hindi
Image Source : FILE PHOTO IPS P Ravindranath

Highlights

  • कर्नाटक के सीनियर आईपीएस अधिकारी पी रवींद्रनाथ ने दिया इस्तीफा
  • कहा- परेशान करने के लिए समय से पहले ट्रांसफर किया गया।
  • मैंने फर्जी जाति प्रमाणपत्रों के मामले में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की, इसलिए किया जा रहा परेशान-IPS

IPS P Ravindranath: कर्नाटक के सीनियर आईपीएस अधिकारी पी रवींद्रनाथ ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने कहा कि किसी जनहित के बिना केवल उन्हें परेशान करने के लिए समय से पहले उनका ट्रांसफर कर दिया गया। 

उन्होंने (IPS P Ravindranath) बताया कि जब से मैंने फर्जी जाति प्रमाणपत्रों के मामले में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की, तब से मुझे परेशान किया जा रहा है। बता दें कि अपनी पूरी सर्विस के दौरान ये चौथा मौका है, जब रवींद्रनाथ ने इस्तीफा दिया है। 

एक पत्र में, रवींद्रनाथ ने कहा, 'कर्नाटक के मुख्य सचिव,रवि कुमार, आईएएस द्वारा दिखाई गई उदासीनता को देखकर मुझे दुख हुआ, जब मैंने उनसे 1995 के एससी और एसटी के नियम 8 के अनुसार एक सुरक्षा प्रकोष्ठ स्थापित करने के लिए एक सरकारी आदेश जारी करने का अनुरोध किया। इसके अलावा, मुझे परेशान करने के लिए बिना किसी जनहित के समय से पहले मेरा तबादला कर दिया गया, क्योंकि मैंने फर्जी जाति प्रमाण पत्र के मुद्दे में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की है।'

नागरिक अधिकार प्रवर्तन निदेशालय (DCRE) के DGP थे रवींद्रनाथ, फिर हुआ ट्रांसफर

रवींद्रनाथ (IPS P Ravindranath) पहले नागरिक अधिकार प्रवर्तन निदेशालय (DCRE) के DGP थे, जिन्हें हालही में कर्नाटक पुलिस के प्रशिक्षण विंग में ट्रांसफर किया गया था। राज्य सरकार का ये फैसला इस अधिकारी को बिल्कुल रास नहीं आया। 

सोमवार को उन्होंने डीजीपी प्रवीण सूद से मुलाकात की और मंगलवार को मुख्य सचिव पी रविकुमार को अपना इस्तीफा सौंपने से पहले अपनी आपबीती साझा की।

1989 बैच के आंध्र प्रदेश के आईपीएस अधिकारी पहले भी सर्विस छोड़ चुके हैं, हालांकि बाद में उन्होंने अपना इस्तीफा वापस ले लिया था।