वाशिम: महाराष्ट्र के वाशिम में किसान के साथ गाली गलौज और मारपीट करने वाले तालुका कृषि अधिकारी की दबंगई उन्हीं पर भारी पड़ गई। किसान से गाली-गलौज और मारपीट के आरोपों के बाद कृषि मंत्री ने कड़ा कदम उठाते हुए अधिकारी को निलंबित कर दिया है।
कृषि अधिकारी सस्पेंड, अन्य के खिलाफ जांच के आदेश
जानकारी के अनुसार, वाशिम जिले के मंगरूलपीर तालुका अंतर्गत गोगरी गांव निवासी किसान ऋषिकेश पवार ने अपने संतरा बाग के लिए लंबित सरकारी अनुदान की मांग की थी। आरोप है कि इसी बात से नाराज़ होकर तालुका कृषि अधिकारी सचिन कांबले ने किसान के साथ न सिर्फ गाली-गलौज की, बल्कि जूते से मारपीट भी की। इस घटना का वीडियो और शिकायत सामने आने के बाद मामला तूल पकड़ा। किसानों में भारी आक्रोश देखने को मिला और कार्रवाई की मांग तेज हो गई। किसानों की मांगों के आगे झुकते हुए सरकार को आरोपी अधिकारी को सस्पेंड करना पड़ा।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे ने तत्काल प्रभाव से तालुका कृषि अधिकारी सचिन कांबले को निलंबित करने के आदेश दिए। इतना ही नहीं, इस प्रकरण में उनके अधीनस्थ कर्मचारियों और दोषी अधिकारियों को संरक्षण देने वालों के खिलाफ भी विभागीय जांच के निर्देश दिए गए हैं।
यहां देखें पूरा वीडियो
क्या था पूरा मामला
वाशिम के गोगरी इलाके में MGNREGA स्कीम के तहत संतरे के बाग के लिए सब्सिडी में देरी के बारे में पूछने पर एक किसान को तालुका के कृषि अधिकारी द्वारा जूते और मिट्टी के ढेले से पीटे जाने का चौंकाने वाला वीडियो वायरल हुआ है। मिली जानकारी के मुताबिक, गोगरी के किसान ऋषिकेश पवार ने दो साल पहले अपने तीन एकड़ खेत में MGNREGA स्कीम के तहत संतरे का बाग लगाया था। उनका दावा है कि इस बाग के लिए सरकार से मिलने वाली सब्सिडी में चार महीने की देरी हो रही है।
इस बीच, जब मंगरुलपीर के तालुका कृषि अधिकारी सचिन कांबले गोगरी शिवरा का निरीक्षण करने गए तो किसान ने उनसे देरी से मिली सब्सिडी के बारे में पूछा। आरोप के मुताबिक, जवाब मांगते समय तालुका कृषि अधिकारी ने किसान को दौड़ा-दौड़ाकर जूते से पीटा। इसके अलावा यह भी आरोप लगाया गया है कि किसान को खेत से मिट्टी के ढेले उठाकर भी मारा गया। इस घटना के बाद आरोप है कि संबंधित अधिकारी ने किसान को धमकी भी दी। यह भी आरोप है कि अधिकारी ने किसान को धमकी दी कि 'मैं तुम्हें जुर्म में फंसा दूंगा'।
इनपुट- इमरान, वाशिम