रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन आज यानी 4 दिसंबर को भारत के दो दिवसीय दौरे पर आ रहे हैं। रूसी राष्ट्रपति के भारत दौरे को लेकर सुरक्षा-व्यवस्था पूरी तरह चाक चौबंद है। क्या आप जानते हैं कि दुनिया के उन चुनिंदा लीडर्स में से हैं, जो स्मार्टफोन यूज नहीं करते हैं? पुतिन ने खुद इसके बारे में जानकारी शेयर की है। साथ ही, उनके करीबी अधिकारियों ने इसके पीछे की बड़ी वजह बताई है।
सामने आई बड़ी वजह
साल 2018 में आयोजित एक इवेंट में Kurchatov न्यूक्लियर रिसर्च इंस्टीट्यूट के हेड Mikhail Kovalchuk ने मेंशन किया था कि आजकल हर किसी के पॉकेट में स्मार्टफोन होता है। इस पर रूसी राष्ट्रपति ने कहा था कि आपने बताया कि सभी के पास स्मार्टफोन होता है, लेकिन मेरे पास नहीं है। इसके बाद एक रूसी न्यूज चैनल के साथ इंटरव्यू में क्रेमलिन के प्रवक्ता डिमिट्री पेसकोव ने कंफर्म किया कि जहां तक मुझे पता है राष्ट्रपति पुतिन के पास फोन नहीं है।
प्राइवेसी भंग होने का खतरा
उन्होंने आगे इसके पीछे की वजह भी बताई। उन्होंने आगे कहा कि स्मार्टफोन का इस्तेमाल किसी के प्रइवेसी और सुरक्षा को खतरे में डाल सकता है, जो किसी ऐसे हाई प्रोफाइल लीडर के लिए सुरक्षित नहीं है। हालांकि, कई लोगों का मानना है कि इसके अलावा भी पुतिन के फोन इस्तेमाल न करने के कई और कारण हो सकते हैं।
क्रेमलिन में बैन है मोबाइल
बता दें राष्ट्रपति पुतिन ने एक बार रूसी न्यूज एजेंसी TASS को कहा था कि क्रेमलिन के अंतर मोबाइल फोन का इस्तेमाल पूरी तरह से प्रतिबंधित है। आपको जानकारी के लिए बता दें कि क्रेमलिन रूसी राष्ट्रपति पुतिन का निवास और सरकार का मुख्य केंद्र है। उन्होंने कहा कि वो स्मार्टफोन यूज नहीं करते हैं। उन्हें अगर किसी के साथ कोई कम्युनिकेशन करना होता है तो वो आधिकारिक फोन लाइन का इस्तेमाल करते हैं।
इंटरनेट का भी नहीं करते इस्तेमाल
इसके अलावा पुतिन ने कई बार ये भी स्वीकार किया है कि वो मॉडर्न टेक्नोलॉजी में इतने अच्छे नहीं है। उन्होंने ऑनलाइन उपलब्ध कंटेंट को लेकर भी कई बार सवाल खड़े किए हैं। 2017 में स्कूली बच्चों से बात करते समय उन्होंने ये भी कहा था कि वो शायद ही इंटरनेट यूज करते हैं। यही नहीं, उन्होंने इंटरनेट की आलोचना भी थी और इसे अमेरिकी एजेंसी CIA का एक स्पेशल प्रोजेक्ट भी कहा था।
मोबाइल डिवाइस पर नहीं है भरोसा
रूसी राष्ट्रपति ने कई बार पहले भी कहा है कि वो मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करते हैं क्योंकि उन्हें इस डिवाइस पर भरोसा नहीं है और कोई भी ऐसा डिवाइस जिसमें इंटरनेट कनेक्ट हो सकता है, उनपर वो भरोसा नहीं करते हैं। यही नहीं, वो अपने पास फोन और इंटरनेट कनेक्टेड डिवाइस को पसंद नहीं करते हैं। अगर, राष्ट्रपति पुतिन किसी दूसरे देश की यात्रा करते हैं तो उनकी सुरक्षा टीम इन चीजों का पूरी तरह से ध्यान रखती है।
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