1. Hindi News
  2. विदेश
  3. अन्य देश
  4. 5 साल में विदेश में 403 भारतीय छात्रों की हुई मौत, कनाडा है सबसे ज्यादा असुरक्षित; विदेश मंत्री ने दिया ब्यौरा

5 साल में विदेश में 403 भारतीय छात्रों की हुई मौत, कनाडा है सबसे ज्यादा असुरक्षित; विदेश मंत्री ने दिया ब्यौरा

 Published : Feb 02, 2024 10:09 pm IST,  Updated : Feb 02, 2024 10:09 pm IST

विदेश में अपने बच्चों को पढ़ाना हर किसी का सपना होता है, लेकिन पिछले 5 वर्ष में अलग-अलग देशों में 400 से ज्यादा भारतीय छात्रों की मौत ने अभिभावकों के मन में डर पैदा कर दिया है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बताया कि अलग-अलग वजहों से विदेश में 5 वर्षों में 403 भारतीय छात्रों की जान जा चुकी है।

प्रतीकात्मक फोटो- India TV Hindi
प्रतीकात्मक फोटो Image Source : REUTERS

विदेश में लगातार हो रही भारतीय छात्रों की मौत ने अभिभावकों को चिंतित कर दिया है। बड़ा सपना लेकर विदेश में पढ़ाई के लिए जाने वाले छात्रों की मौत से अब मां-बाप का दिल जवाब देने लगा है। आखिर कुछ तो वजह होगी, जो विदेश में लगातार भारतीय छात्र मारे जा रहे हैं या तो अज्ञात कारणों से उनकी मौत हो रही है। भारत सरकार ने वर्ष 2018 से विभिन्न कारणों से अब तक हुई छात्रों की मौतों का ब्यौरा दिया है। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने बताया कि गत 5 वर्षों में 403 भारतीय छात्रों की विदेश में विभिन्न वजहों से मौत हो गई है।

एस जयशंकर ने कहा कि विदेश में भारतीय छात्रों का कल्याण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है। सरकार ने शुक्रवार को लोकसभा को सूचित किया कि प्राकृतिक कारणों, दुर्घटनाओं और चिकित्सा स्थितियों सहित विभिन्न कारणों से 2018 के बाद से विदेशों में भारतीय छात्रों की मौत की कुल 403 घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिसमें 91 मामलों के साथ कनाडा शीर्ष पर है। इसके बाद ब्रिटेन में 48 मामले हैं। जयशंकर विदेश में भारतीय छात्रों की सुरक्षा पर एक सवाल का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा, "विदेश में भारतीय मिशन/पोस्ट भारतीय छात्रों के सामने आने वाले किसी भी मुद्दे पर प्राथमिकता के आधार पर प्रतिक्रिया देते हैं।

भारतीय छात्रों की मौत मामले में ये देश हैं टॉप पर 

जयशंकर ने बताया कि 2018 के बाद से विदेश में भारतीय छात्रों की मौत का देश-वार विवरण के आंकड़ों से पता चलता है कि कनाडा में 91 मामलों के साथ शीर्ष पर है। इसके बाद ब्रिटेन में 48, रूस में 40, अमेरिका में 36, ऑस्ट्रेलिया में 35, यूक्रेन में 21 और जर्मनी में 20 भारतीय छात्रों की मौत हुई। आंकड़ों के मुताबिक, साइप्रस में 14, फिलीपींस और इटली में 10-10 और कतर, चीन और किर्गिस्तान में नौ-नौ भारतीय छात्रों की मौत हुई। सभी देशों में मौतों के अलग-अलग कारण रहे। 

यह भी पढ़ें

जिबूती से लेकर अदन की खाड़ी और सोमालिया तक होगी भारतीय नौसैनिकों की तैनाती, गुस्ताखी करते ही ला देंगे प्रलय

मारे गए आतंकी हरदीप सिंह निज्जर के सहयोगी के घर ताबड़तोड़ गोलीबारी से कनाडा में हड़कंप, ट्रूडो ने शुरू कराई जांच

Advertisement

India TV हिंदी न्यूज़ के साथ रहें हर दिन अपडेट, पाएं देश और दुनिया की हर बड़ी खबर। Around the world से जुड़ी लेटेस्ट खबरों के लिए अभी विज़िट करें विदेश