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समान शिक्षा के जरिए दूर की जा सकती है विषमता: योगी

 Edited By: IndiaTV Hindi Desk
 Published : Mar 05, 2020 11:34 am IST,  Updated : Mar 05, 2020 11:34 am IST

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को यहां कहा कि एक समान शिक्षा के माध्यम से सामाजिक विषमता को दूर किया जा सकता है, और इसी को ध्यान में रखकर हमारी सरकार ने ढाई वर्ष पहले एनसीआरटी के पाठ्यक्रम को पूरे प्रदेश में लागू किया।

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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को यहां कहा कि एक समान शिक्षा के माध्यम से सामाजिक विषमता को दूर किया जा सकता है, और इसी को ध्यान में रखकर हमारी सरकार ने ढाई वर्ष पहले एनसीआरटी के पाठ्यक्रम को पूरे प्रदेश में लागू किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को राम मनोहर लोहिया विधि विश्वविद्यालय में बेसिक शिक्षा परिषद की तरफ से आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सेमीनार मिशन प्रेरणा एवं सीएसआर कॉन्क्लेव का शुभारंभ किया।

मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि एक समान शिक्षा के माध्यम से ही समाज की विषमता दूर की जा सकती है। उन्होंने कहा, "यह पाठ्यक्रम पूरी शिक्षा व्यवस्था को बदलकर रख देगा। शिक्षा के क्षेत्र में किसी के साथ कोई भेदभाव न हो और प्रदेश के सभी बच्चों को एक समान अवसर प्राप्त हो, तो वह सफलता की नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकेंगे।"

मुख्यमंत्री ने 'ऑपरेशन कायाकल्प' से संबंधित जानकारियों के प्रचार-प्रसार हेतु एलईडी वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसके साथ ही 788 करोड़ रुपये से 350 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के उच्चीकरण के लिए भवनों का शिलान्यास किया। कक्षा आठ तक संचालित होने वाले इन विद्यालयों में अब बालिकाएं 12वीं तक पढ़ाई कर सकेंगी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी ने कहा, "पिछले तीन वर्षों में प्रदेश सरकार ने बेसिक शिक्षा के लिए जो कार्य किए हैं, उसका एक निचोड़ इस सेमिनार के माध्यम से हम सबके सामने आ रहा है।"

मुख्यमंत्री योगी ने कहा, "शिक्षक सरकारी नौकर नहीं, राष्ट्र का भाग्य विधाता होता है। आचार्य चाणक्य को अपना आदर्श मानते हुए शिक्षकों को उनसे सीखना चाहिए। अगर चाणक्य खुद को नालंदा विश्वविद्यालय तक ही सीमित कर देते, तो उस कालखंड में वह भारत को दुनिया की एक महाशक्ति के रूप में स्थापित नहीं कर पाते।"

मुख्यमंत्री योगी ने कहा, "बेसिक शिक्षा परिषद से जुड़े 1 लाख 58 हजार से अधिक विद्यालयों के बुनियादी ढांचागत विकास के लिए ऑपरेशन कायाकल्प की योजना शुरू की गई थी। इस योजना के तहत 92 हजार से अधिक विद्यालयों को बुनियादी सुविधाओं से लैस किया जा चुका है।"मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, "मैंने अपनी पहली विधायक निधि गोरखपुर जनपद के विद्यालयों में फर्नीचर कार्य के लिए दे दी थी। लगभग गोरखपुर महानगर के सभी विद्यालयों में फर्नीचर लग चुके हैं।"

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी ने बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा तैयार की गई समर्थ और शारदा तकनीकि प्रणाली का शुभारंभ किया। समर्थ तकनीकि प्रणाली दिव्यांग बच्चों की ट्रैकिंग और शैक्षिक समावेशन की व्यवस्था है। वहीं, शारदा तकनीकि प्रणाली आउट ऑफ स्कूल के बच्चों का चिन्हिकरण, पंजीकरण और नामांकन के लिए कार्य करेगी। मिशन प्रेरणा में लर्निग आउटकम और सपोर्टिव सुपरविजन की व्यवस्था की गई है। इसके तहत मुख्यमंत्री योगी ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले 10 शिक्षाग्रहियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।

 

 

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