ढाका: बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर जुल्म का दौर जारी है। उत्तर-पश्चिमी बांग्लादेश में चोरी का आरोप लगाये जाने के बाद, 25 वर्षीय एक हिंदू युवक ने भीड़ से अपनी जान बचाने के लिए नहर में छलांग लगा दी। इस दौरान डूबने से उसकी मौत हो गई। बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदाय को निशाना बनाकर की हिंसा की यह ताजा घटना है। मृतक की पहचान मिथुन सरकार के रूप में हुई है।
चोरी का आरोप लगाकर हमला
बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद (BHBCUC) के प्रवक्ता काजल देबनाथ ने बताया कि मंगलवार को नौगांव जिले में चोरी के आरोप को लेकर भीड़ ने मिथुन पर हमले की कोशिश की। देबनाथ ने बताया कि अपनी जान बचाने के लिए वह नहर में कूद गया, लेकिन डूब गया। बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद ने अल्पसंख्यकों के बढ़ते उत्पीड़न के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
सांप्रदायिक हिंसा की घटनाएं बढ़ीं
देश में आम चुनाव की तारीख नजदीक आने के साथ ही सांप्रदायिक हिंसा की घटनाएं बढ़ रही हैं। परिषद ने दावा किया कि इन घटनाओं का उद्देश्य अल्पसंख्यक मतदाताओं को अपनी पसंद के उम्मीदवारों को वोट डालने से रोकना है। इसने कहा, ‘‘बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद की केंद्रीय समिति ने सांप्रदायिक हिंसा पर गंभीर चिंता व्यक्त की है और कड़ी निंदा की है।’’ परिषद ने बताया कि उसने अकेले दिसंबर 2025 में सांप्रदायिक हिंसा की 51 घटनाएं दर्ज की हैं। ‘‘इनमें हत्या के 10, चोरी और डकैती के 10 मामले तथा घरों, व्यापारिक प्रतिष्ठानों, मंदिरों और जमीनों पर कब्जे, लूटपाट और आगजनी की 23 घटनाएं शामिल हैं।"
परिषद ने दावा किया कि ईशनिंदा करने या विदेशी एजेंट होने के आरोप में चार लोगों को हिरासत में लिया गया है। बयान के अनुसार, पिछले सात दिनों में, बदमाशों ने एक हिंदू विधवा के साथ बलात्कार किया, एक हिंदू की ज्वैलरी शॉप में लूटपाट की और उत्तर-पश्चिमी कुरीग्राम जिले की एक हिंदू उपायुक्त या प्रशासनिक प्रमुख को चुनाव अधिकारी के रूप में अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने के दौरान धमकाया।
बयान में कहा गया है कि 2 जनवरी को दक्षिण-पूर्वी लक्ष्मीपुर में सत्यरंजन दास की जमीन पर लगी धान की फसल में आग लगा दी गई। दिसंबर में युवा नेता शरीफ उस्मान हादी की हत्या के बाद से बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ कई घटनाओं से हिंदू आबादी प्रभावित हुई है।
हालिया हिंसक वारदातें
- हत्याएं: 5 जनवरी को किराना दुकानदार मोनी चक्रवर्ती की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। उसी दिन पत्रकार और फैक्ट्री मालिक राणा प्रताप बैरागी की गोली मारकर हत्या कर दी गई।
- यौन हिंसा और लूट: एक हिंदू विधवा के साथ बलात्कार और आभूषण की दुकान में लूटपाट की घटना भी दर्ज की गई।
- प्रशासन पर हमला: कुरीग्राम जिले में एक हिंदू महिला प्रशासनिक अधिकारी को चुनाव ड्यूटी के दौरान बदमाशों ने खुलेआम धमकाया।