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पतंजलि योगपीठ और रूसी सरकार ने साइन किया MoU, हुई ऐतिहासिक डील

 Edited By: Vinay Trivedi
 Published : Dec 06, 2025 05:42 pm IST,  Updated : Dec 06, 2025 05:42 pm IST

स्वामी रामदेव ने कहा कि हमें ऋषियों की वेलनेस विधा को पूरी दुनिया में पहुंचाना है जिसका एंट्री प्वाइंट रूस होगा। इस MoU का मकसद रूस में पतंजलि की वेलनेस सेवाओं का विस्तार करना है।

Patanjali Yogpeeth mou- India TV Hindi
पतंजलि योगपीठ और रूस सरकार के बीच ऐतिहासिक MoU पर हस्ताक्षर। Image Source : REPORTER'S INPUT

हरिद्वार: पतंजलि समूह और रूस सरकार के बीच दिल्ली में एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर हुए जिसमें पतंजलि समूह की ओर से स्वामी रामदेव और रूस सरकार की ओर से भारत-रूस व्यापार परिषद के अध्यक्ष एवं रूस के वाणिज्य मंत्री सर्गेई चेरेमिन ने हस्ताक्षर किए। कार्यक्रम में स्वामी रामदेव ने कहा कि यह एमओयू स्वास्थ्य एवं वेलनेस का संवर्धन, स्वास्थ्य पर्यटन, कुशल मानव संसाधन का आदान-प्रदान और अनुसंधान आदि विषयों पर केंद्रित है। उन्होंने बताया कि रूस में योग, आयुर्वेद व प्राकृतिक चिकित्सा को लोग पसंद करते हैं और इनका अनुसरण भी करते हैं।

रूस में पतंजलि की वेलनेस सेवाओं का होगा विस्तार

स्वामी रामदेव ने कहा कि सर्वप्रथम हमें ऋषियों की इस वेलनेस विधा को पूरे विश्व के लगभग 200 देशों में पहुंचाना है जिसका एंट्री प्वाइंट रूस ही होगा। इस एमओयू का पहला महत्वपूर्ण बिंदु रूस में पतंजलि की वेलनेस सेवाओं का विस्तार करना है। हम रूस के साथ मिलकर Age को Reverse करने, Longivity पर गहन अनुसंधान करेंगे जिससे गंभीर रोगों का मानव शरीर में आने से वर्षों पहले ही पता किया जा सकेगा। इसका दूसरा बिंदु भारत के आध्यात्मिक ज्ञान, संस्कृति, योग, आयुर्वेद और भारत की अमूल्य धरोहरों से संबंधित ज्ञान को रूस के साथ साझा करना है। इसके लिए हम भारत की संस्कृति और ऋषियों की धरोहर को रूस लेकर जाएंगे।

रूस के नागरिकों को मिलेगा पतंजलि के प्रोडक्ट्स का लाभ

उन्होंने आगे कहा कि एमओयू का तीसरा बिंदु रूस को भारत के तरफ से स्किल्ड लेबर और कुशल योगी उपलब्ध कराना है। प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत 2 लाख से अधिक लोगों को प्रशिक्षण देने वाला पतंजलि ही एकमात्र प्राइवेट पार्टनर रहा है। हम रूस को कुशल योगी और कुशल श्रमिक उपलब्ध कराएंगे। साथ ही इस एमओयू के तहत भारत के उच्च स्तरीय ब्रांड्स को रूस में और रूसी ब्रांड्स को भारत में प्रमोट करना है। हम विश्वस्तरीय पतंजलि ब्रांड को रूस लेकर जाएंगे जिससे पतंजलि के गुणवत्तायुक्त उत्पादों का लाभ रूस के नागरिकों को भी मिलेगा।

स्वामी रामदेव ने किया रूस-भारत की दोस्ती का जिक्र

स्वामी रामदेव ने कहा कि भारत और रूस मित्र देश हैं। भारत का रूस से इमोशनल कनेक्ट आजादी से पहले भी था और आज भी है। भारत में लोग रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को एक सशक्त ग्लोबल लीडर के तौर पर पहचानते हैं। उनके शौर्य, वीरता और पराक्रम से पूरा विश्व परिचित है। भारत और रूस की मैत्री से कुछ बड़े लोग खुश नहीं हैं। लेकिन किसी भी परिस्थिति में रूस, भारत का मित्र था, है और रहेगा। आध्यात्मिक, धार्मिक, आर्थिक, राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से भारत और रूस एक-दूसरे के अभिन्न मित्र देश हैं और रहेंगे।

इस अवसर पर सर्गेई चेरेमिन ने कहा कि हम पतंजलि के साथ अपनी साझेदारी को मजबूत बनाएंगे। उन्होंने कहा कि पतंजलि के योग, आयुर्वेद और प्राकृतिक चिकित्सा का लाभ लेकर हम रूस के लोगों की जीवनशैली परिवर्तित करेंगे और उन्हें निरोगी बनाएंगे।

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