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ट्रंप ने विवादित कानून में बदलाव कर मैक्सिको को चेताया 'अवैध प्रवेश नहीं करेंगे बर्दाशत'

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सीमा पर प्रवासी परिवारों को अलग करने पर रोक लगाने वाले एक शासकीय आदेश पर आज हस्ताक्षर कर दिए। प्रवासी परिवारों को अलग करने के विवादित फैसले की दुनियाभर में आलोचना की गई थी।

India TV News Desk India TV News Desk
Updated on: June 23, 2018 6:51 IST
Trump signs executive order to keep migrant families...- India TV Hindi
Trump signs executive order to keep migrant families together

वाशिंगटन | अमेरिका और मैक्सिको दोनों ही देश अवैध रूप से प्रवेश करने वाले प्रवासियों की समस्या से काफी समय से जूझते आ रहे है। हाल ही में अमेरिका में अवैध रूप से प्रवेश करने वाले मैक्सिकन प्रवासी परिवारों के बच्चों को बाड़े में रखने की तस्वीरें सामने आने के बाद से दुनियाभर में ट्रंप के फैसले के खिलाफ विरोध देखने को मिल रहा था।चौतरफा आलोचना झेल रहे डोनाल्ड ट्रंप ने सीमा पर प्रवासी परिवारों को अलग करने की कार्रवाई पर रोक लगाने वाले कानून पर हस्ताक्षर कर दिए है। 

क्या था विवादित कानून?

अमेरिका में अवैध रूप से प्रवेश करने वाले लोगों को उनके बच्चों से अलग कर दिया जा रहा था। पिछले कुछ हफ्तों में ऐसे 2,500 बच्चों को उनके मां-बाप से जुदा किया गया। इसपर मेक्सिको के विदेश मंत्री लुइस विदेगारा कासो ने बच्चों को उनके परिवार से अलग किए जाने को 'क्रूर और अमानवीय' बताया था।

अब नया कानून बनाने के बाद क्या होगा?

अब शासकीय आदेश पर हस्ताक्षर करने के बाद ट्रंप ने व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में संवाददाताओं से कहा, “हम परिवारों को साथ रखेंगे और इससे समस्या सुलझ जाएगी। साथ ही हम सीमा पर सख्ती बनाए रखेंगे और इस संबंध में कतई बर्दाश्त नहीं करने की नीति बरकरार रहेगी। हम उन लोगों को कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे जो देश में अवैध रूप से प्रवेश करते हैं। ”

अमेरिका-मैक्सिको सीमा पर सख्ती रहेगी बरकरार

इस शासकीय आदेश में गृह सुरक्षा विभाग से परिवारों को साथ रखने को कहा गया है जब तक कि उन पर अवैध रूप से सीमा पार करने के मामले में मुकदमा पूरा न हो जाए। लेकिन उन मामलों को इस कानून से अलग रखा गया है जहां परिजन बच्चों के हित के लिए खतरा पैदा कर सकते हैं। ट्रंप ने कहा कि “यह शासकीय आदेश परिवारों को साथ रखने के साथ ही एक मजबूत और शक्तिशाली सीमा सुनिश्चित करने के संबंध में है। सीमा पर सुरक्षा भले ही पहले के मुकाबले बढ़ाई न गई हो लेकिन पहले जितनी रहेगी। हम सीमा पर सख्ती बरकरार रखेंगे लेकिन हम परिवारों को साथ रखने वाले हैं।” ट्रंप ने कहा कि उन्हें परिवारों को अलग होते हुए देखना अच्छा नहीं लगता। “यह एक ऐसी समस्या है जो कई सालों से चली आ रही है, कई प्रशासनों के कार्यकाल से। हम आव्रजन पर बहुत मेहनत कर रहे हैं। यह मामला ठंडे बस्ते में रहा है। लोगों को इसका सामना नहीं करना पड़ा लेकिन हम इसका सामना कर रहे हैं। ”

नए कानून से संतुष्ट नहीं विपक्षी दल

ट्रंप के विपक्षी नए कानून से संतुष्ट नहीं हैं और उन्होंने कहा है कि यह पर्याप्त नहीं है। डेमोक्रेटिक नेता नेन्सी पेलोसी ने कहा, “राष्ट्रपति का शासकीय आदेश बाल उत्पीड़न के एक रूप को दूसरे से बदलने का काम करेगा। भयभीत बच्चों को संरक्षण देने के बजाए राष्ट्रपति ने अपने अटॉर्नी जनरल को निर्देश दिए कि वह परिवारों को जेल जैसी स्थितियों में लंबे समय तक कैद रखने के लिए रास्ता तलाशे।’’नेन्सी ने कहा कि राष्ट्रपति के आव्रजन रोधी एजेंडा को आगे बढ़ाने के लिए आतंकित बच्चों का “ फायदा उठाना ’’ अकथनीय रूप से हमारे राष्ट्र के लिए बेहद अनैतिक है। शीर्ष डेमोक्रेटिक नेता जो क्रोअली ने कहा कि यह आदेश बच्चों को उनके परिजन से अलग करने पर रोक लगाता है लेकिन यह प्रशासन की उस घृणित नीति को नहीं खत्म करता जिसमें शरण मांगने वालों और हिंसा के कारण यहां आने वाले लोगों को अकारण हिरासत में ले लिया जाता है। 

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