अगर ईरान इस रूट को बंद करता है तो ये सभी जहाज थम जाएंगे और पूरी दुनिया में तेल-गैस की सप्लाई ठप हो सकती है।
अमेरिका ने एक बार फिर ईरान को चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर अमेरिकियों या अमेरिकी सैन्य अड्डों को निशाना बनाया गया तो करारा जवाब दिया जाएगा। अमेरिका ने यह चेतावनी ईरान पर हमला करने के बाद दी है।
अमेरिका ने ईरान के तीन न्यूक्लियर साइट पर अटैक किया है। इसके बाद से ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई और भी ज्यादा बौखला गए हैं। ईरान ने इजरायल पर हवाई हमले तेज कर दिए हैं। इस बीच, खामेनेई ने बड़ा बयान जारी किया है।
इजरायल और ईरान एक-दूसरे पर हवाई हमले कर रहे हैं। दोनों ही देश रिहायशी इलाकों और सैन्य ठिकानों को अपना निशाना बना रहे हैं। इजरायल के हमले में ईरान के लोगों की कितनी मौतें हुई हैं। इसकी जानकारी अमेरिकी मानवाधिकार संगठन ने दी है।
भारत में प्रतिदिन खपत होने वाले 5.5 मिलियन बैरल कच्चे तेल में से लगभग 1.5 से 2 मिलियन होर्मुज जलडमरूमध्य के माध्यम से आता है।
ईरान पर बड़ी एयरस्ट्राइक के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने MIGA का नारा दिया है। इसी तरह का नारा उन्होंने अपने चुनाव के समय भी दिया था। ईरान के तीन परमाणु स्थलों पर रविवार सुबह अमेरिका की बमबारी के बाद ये घटनाक्रम सामने आया है।
अमेरिका द्वारा ईरान की 3 न्यूक्लियर साइट्स पर हमला करने के बाद ईरान भी अब जवाबी कार्रवाई पर उतर चुका है। ईरान अब अपने सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग Strait Of Hormuz को बंद करने जा रहा है।
अमेरिका ने ईरान के तीन न्यूक्लियर साइट पर हमला किया है। इसके बाद वैश्विक नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आईं हैं। पाकिस्तान ने ईरान के परमाणु स्थलों पर अमेरिका के हमलों की निंदा की है।
ईरान के परमाणु ठिकानों पर अमेरिका ने जो हमला किया, उसकी गूंज पूरी दुनिया में सुनाई दे रही है। हमले के बाद अमेरिका ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके ये जानकारी दी कि किस तरह उसने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया।
ईरान और इजरायल के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। वहीं भारतीय नागरिकों को इस युद्ध प्रभावित इलाके से बाहर निकालना भारत सरकार की प्राथमिकता है। इसी क्रम में रविवार को 311 भारतीयों को लेकर एक विमान दिल्ली पहुंचा।
संयुक्त राज्य अमेरिका के रक्षा विभाग के मुख्यालय पेंटागन की तरफ से कहा गया है कि अमेरिका, ईरान के साथ युद्ध नहीं चाहता है। ये बयान अमेरिका द्वारा ईरान के तीन बड़े परमाणु ठिकानों पर हमले के बाद आया है।
ईरान के परमाणु ठिकानों पर हुए हमले की रूस ने कड़ी निंदा की है। रूस ने कहा कि यह हमला एक ऐसे देश द्वारा किया गया जो संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का स्थायी सदस्य है।
ईरान ने पहली बार रविवार को इजरायल पर हमले के लिए खोर्रमशहर-4 मिसाइल का इस्तेमाल किया। यह मिसाइल ईरान की सबसे खतरनाक मिसाइलों में शुमार है, जो एक साथ 80 ठिकाने ध्वस्त कर सकती है।
अमेरिका ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर हमले कि लिए पाकिस्तान के हवाई क्षेत्र का इस्तेमाल किया है। यह दावा खोरसान न्यूज की तरफ से किया गया है।
पीएम मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन से बात की। रविवार सुबह अमेरिका ने ईरान के तीन परमाणु ठिकानों पर हमला कर दिया, जिसके बाद पीएम मोदी और ईरान के राष्ट्रपति के बीच बातचीत हुई है। पीएम मोदी ने एक्स पर इसकी जानकारी दी।
ईरान के विदेश मंत्री सैय्यद अब्बास अराघची ने बहुत ही भावुक पोस्ट किया है। उन्होंने लिखा, जब ईरान अमेरिका के साथ परमाणु वार्ता कर रहा था तो ईरान ने हमारे ठिकानों पर हमले करके इस बातचीत को तबाह किया। अब जब हम ईयू के साथ वार्ता कर रहे थे तो अमेरिकी ने भी वही किया।
हैदराबाद में ओवैसी ने कहा, "हमें पाकिस्तानियों से पूछना चाहिए कि क्या वे चाहते हैं कि ट्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार मिले।
ईरान में हजारों की संख्या में भारतीय फंसे हुए हैं। भारत सरकार सभी भारतीयों को ईरान से निकालने में लगी हुई है। बलिया से पांच लोगों के फंसे होने को लेकर सपा सांसद ने मोदी सरकार से खास अपील की है।
एक अमेरिकी अधिकारी ने सीएनएन को बताया कि ईरान के फोर्डो परमाणु ठिकाने पर एक दर्जन बंकर बस्टर बम गिराए गए। इसके लिए अमेरिका ने 6 बी-2 बमवर्षकों विमानों का इस्तेमाल किया।
इजरायल के खिलाफ जंग में ईरान का साथ देने के लिए यमन की सेना ने बड़ा ऐलान किया है। यमन की मिलिट्री ने कहा है कि वह इस युद्ध में ईरान के साथ है। वहीं पाकिस्तान, ओमान व कतर ने ईरान पर अमेरिका के हमले की कड़ी निंदा की है।
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