अमेरिकी राष्ट्रपति ने शनिवार को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बारे में कहा था कि यह व्यक्ति सत्ता में नहीं रह सकता। बाइडन के इस बयान के बाद व्हाइट हाउस ने फौरन कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति रूस में नई सरकार के गठन की बात नहीं कर रहे थे।
यूरोप में अपने दौरे के अंतिम दिन बायडेन ने शनिवार को पोलैंड को आश्वस्त किया कि अमेरिका रूस के किसी भी हमले से उसका बचाव करेगा।
यूक्रेन पर रूस के हमले की कई सार्वजनिक हस्तियों ने निंदा की है और सरकारी संस्थानों एवं कंपनियों के पद छोड़ दिये हैं।
जेलेंस्की ने गुरुवार को ब्रसेल्स में यूरोपीय संघ के नेताओं की एक बैठक में विशेष रूप से ओरबान को संबोधित किया था।
रूस लगातार यूक्रेन के सैन्य ठिकानों पर हमले कर रहा है। अब एक ऐसी खबर निकलकर सामने आई है जो पुतिन की नई चिंता को ज़ाहिर करती है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो व्लादिमीर पुतिन ने पर्सनल स्टाफ के कई कर्मचारियों को बदल दिया है।
जो बायडेन ने कहा, पुतिन के आक्रामक रुख के जवाब में हमने नाटो और प्रशांत क्षेत्र में एकजुटता दिखायी है।
जेलेंस्की का लगभग दस मिनट लंबा संबोधन जापानी संसद के निचले सदन के बैठक कक्ष में दिखाया जाएगा। निचला सदन जापानी संसद के दोनों सदनों में ज्यादा ताकतवर माना जाता है और प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा भी इसके सदस्य हैं।
अमेरिकी डिफेंस इंटेलिजेंस एजेंसी के निदेशक लेफ्टिनेंट जनरल स्कॉट बेरियर ने कहा कि यूक्रेन की राजधानी कीव पर परमाणु हमले का खतरा बढ़ सकता है। कीव में लगातार रूसी सेना हमले कर रही है लेकिन उसे अभी तक सफलता नहीं मिल पाई है।
व्लादिमीर पुतिन के मंच पर आने के दौरान वक्ताओं ने उनकी सराहना यूक्रेन में नाजीवाद से लड़ने वाले नेता के तौर पर की।
अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के राष्ट्रीय खुफिया निदेशक एवरिल हैन्स ने कहा कि पुतिन ‘‘इसे एक युद्ध के रूप में देखते हैं जिसे वह हारने का जोखिम नहीं उठा सकते।’’
यूक्रेन के राष्ट्रपित वोलोदिमिर ने रूस पर मोलिटोपोल शहर के महापौर को अपहरण करने का लगाया आरोप
यूक्रेन पर हमला करने के करीब दो हफ्ते बाद रूसी सेना ने देश की तटरेखा पर बढ़त हासिल कर ली है। अजोव सागर पर स्थित मारियुपोल को रूसी सैनिकों ने कई दिनों से घेर रखा है और 4,30,000 लोगों की आबादी वाले इस शहर में मानवीय संकट बढ़ रहा है।
रूसी रक्षा मंत्रालय ने सोमवार को कहा कि यह संघर्ष-विराम राजधानी कीव, दक्षिणी बंदरगाह शहर मारियुपोल, यूक्रेन के दूसरे सबसे बड़े शहर खारकीव और सूमी से नागरिकों की निकासी के लिए घोषित किया गया है। वहीं, रूस और यूक्रेन के बीच सोमवार को तीसरे दौर की वार्ता हुई।
जंग के 13वें दिन भी रूसी सेना के हमले कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। भारत ने भी यूक्रेन के लिए राहत सामग्री भेजना शुरू कर दिया है। रूस को जंग में कड़ी टक्कर देने में जुटे यूक्रेन ने दुश्मन देश के मेजर जनरल विटाली गेरासिमोव को मार डाला है।
पुतिन को उम्मीद थी कि संयुक्त राष्ट्र में चीन उनका समर्थन करेगा, लेकिन चीन ने रूस का समर्थन करने की बजाय मतदान से दूर रहने का विकल्प चुना।
रूस की विशाल और जटिल शासन प्रणाली के संचालन में लोकतांत्रिक कलेवर की यह मांग पुतिन और उनकी सरकार के बारे में रूसियों की धारणाओं को आकार देने वाला एक शक्तिशाली कारक है।
विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने मंगलवार को कहा था कि लगभग 8 हजार भारतीय, मुख्य रूप से छात्र, यूक्रेन में फंसे हुए हैं।
वाशिंगटन स्थित विश्व बैंक ने बुधवार को एक बयान में कहा, ‘‘विश्व बैंक समूह ने 2014 से ही रूस में नए निवेश या कर्ज की मंजूरी नहीं दी है।
यूक्रेनी सेना भले ही दावा करे कि उसने रूसी सेना को भारी नुकसान पहुंचाया है, लेकिन हकीकत यही है कि उसके पास हथियारों, लड़ाकू विमानों और मिसाइलों की कमी है।
राष्ट्रपति बायडेन ने भी खुले तौर पर पुतिन को एक तानाशाह बताया है और यह भी कहा कि तानाशाही का अंत निश्चित है।
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