सऊदी अरब ने यमन के एक बंदरगाह पर बड़ा हवाई हमला किया है। हमले के बाद पोर्ट पर भीषण आग की लपटें उठती दिख रही हैं।
रूसी सेना ने यूक्रेन के ओडिसा बंदरगाह को बैलिस्टिक मिसाइल हमले में उड़ा दिया है। इस हमले में 8 लोगों की मौत हो गई है।
यह प्रोजेक्ट केवल एक बंदरगाह नहीं है, बल्कि मरुधरा को आर्थिक समृद्धि के जलमार्ग से जोड़ने वाला एक सेतु है। राजस्थान अब समुद्र से सिर्फ एक जलमार्ग दूर है, और यह दूरी एक नए औद्योगिक युग की शुरुआत करेगी।
भारत के सबसे बिजी बंदरगाहों में से एक दीनदयाल पोर्ट अथॉरिटी, कांडला ने ऐसा कारनामा कर दिखाया है, जिसने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। महज 24 घंटे में 40 जहाजों की हैंडलिंग करके DPA कांडला ने न सिर्फ अपना पिछला रिकॉर्ड तोड़ा, बल्कि भारतीय समुद्री इतिहास में एक नया स्वर्णिम अध्याय भी जोड़ दिया।
ईरान के चाबहार पोर्ट पर लगे अमेरिकी ने प्रतिबंध भारत को मिली 6 महीने की छूट मिल गई है। भारतीय विदेश मंत्रालय आगे इसके प्रभावों को लेकर अध्ययन कर रहा है।
पाकिस्तान का अमेरिका को अरब सागर में नया बंदरगाह देने का प्रस्ताव केवल एक आर्थिक परियोजना नहीं है, बल्कि यह क्षेत्रीय भू-राजनीति, आर्थिक हितों और अंतरराष्ट्रीय शक्ति समीकरणों का सम्मिश्रण है। इस कदम से न केवल अमेरिका और पाकिस्तान के संबंधों में बदलाव आएगा, बल्कि चीन और भारत समेत पूरे क्षेत्र की रणनीति प्रभावित होगी।
आरोपी ने 23 करोड़ रुपये का सामान मंगाया था। इसे एल्युमीनियम ट्रीट स्क्रैप के पीछे छिपाकर लाया गया था। डीआरआई ने सूरत से तस्करी के मास्टरमाइंड को गिरफ्तार कर लिया है।
चाबहार बंदरगाह ईरान के सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में ओमान की खाड़ी पर स्थित है। भारत और ईरान इसे व्यापार एवं संपर्क बढ़ाने के लिए विकसित कर रहे हैं।
वाधवन पोर्ट प्रोजेक्ट लिमिटेड के जरिये विकसित हो रहा यह पोर्ट, भारत का एक प्रमुख अंतरराष्ट्रीय ट्रांसशिपमेंट हब बनने जा रहा है। परियोजना की कुल लागत ₹2,528.90 करोड़ तय की गई है और इसे तीन वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य है।
ताजपुर बंदरगाह को पश्चिम बंगाल के लॉजिस्टिक एवं व्यापार संपर्क के लिए एक संभावित परिवर्तनकारी परियोजना के रूप में देखा जा रहा है।
पाकिस्तान पर अपने 2 एयरबेस और पोर्ट को ईरान के खिलाफ हमले के लिए अमेरिका को देने का आरोप लगा है। यह आरोप कोई और नहीं, बल्कि पाकिस्तान के ही एक सांसद ने लगाया है। इससे पाकिस्तान की सियासत में बवाल मच गया है।
पहलगाम आतंकी हमले को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव का सिलसिला लगातार बढ़ता जा रहा है। भारत की ओर से उठाये जा रहे हर कदमों के खिलाफ पाकिस्तान भी अपनी प्रतिक्रिया दे रहा है। इस कड़ी में अब पाकिस्तान ने भारतीय ध्वजवाहक जहाजों के लिए पाकिस्तानी बंदरगाहों पर जाने से रोक लगा दी है।
8900 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाला विझिनजम प्रोजेक्ट का निर्माण दिसंबर 2015 में शुरू हुआ था और इसे कई स्टेज में डेलवप किया जा रहा है।
अडानी पोर्ट्स एंड एसईजेड लिमिटेड (APSEZ) द्वारा संचालित विझिनजाम बंदरगाह ने एक मील का पत्थर हासिल किया। यहां पहुंचे इस कंटेनर जहाज की लंबाई 399.9 मीटर, चौड़ाई 61.3 मीटर और गहराई 33.5 मीटर है।
भयानक सूखे की मार से ब्राजील की धरती कराह रही है। अमेजन वर्षावन वाले रिवर पोर्ट में 122 वर्षों का सबसे बड़ा सूखा रिकॉर्ड किए जाने से वैज्ञानिक भी हैरान हैं।
चीन के एक बड़े बंदरगाह में उस वक्त हड़कंप मच गया जब मालवाहक पोत में जोरदार विस्फोट हुआ और उसके बाद आग लग गई। जिस बंदरगाह में यह घटना हुई है वह दुनिया के सबसे बड़े बंदरगाहों में से एक है।
गाजा में मानवीय सहायता पहुंचाने के सारे रास्ते बंद हो जाने के बाद अमेरिका ने अब इसकी भी काट खोज ली है। अमेरिका ने गाजा में इसके लिए अस्थाई पोतघाट तैयार किया है, जिसके जरिये संयुक्त राष्ट्र ने फिलिस्तीनियों को राहत सामग्री भेजना आरंभ कर दिया है।
भारत ने चीन और पाकिस्तान को जवाब देने के लिए ईरान के साथ चाबहार पोर्ट के संचालन को लेकर बड़ा समझौता किया है। समझौते के मुताबिक अब इसका संचालन लंबे समय तक भारत के पास रहेगा। यह व्यापार और रणनीतिक रूप से भारत के लिए अहम समझौता है।
चाबहार बंदरगाह भारत और ईरान के बीच महत्वपूर्ण कड़ी है। भारत और ईरान के बीच इस बंदरगाह को लेकर अहम समझौता होने जा रहा है। भारत और ईरान के बीच इस डील से नया ट्रेड रूट भी खुल जाएगा।
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