केनरा रोबेको में केनरा बैंक की 51 प्रतिशत हिस्सेदारी है जबकि बाकी हिस्सेदारी ओरिक्स कॉर्पोरेशन के पास है। ये एक मेनबोर्ड आईपीओ होगा, जो भारतीय शेयर बाजार के दोनों प्रमुख एक्सचेंज बीएसई और एनएसई पर लिस्ट होगा।
ग्लॉटिस ने अपने आईपीओ के तहत 2 रुपये की फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर के लिए 120 रुपये से 129 रुपये का प्राइस बैंड फिक्स किया था।
यह IPO न केवल प्रमोटरों और निवेशकों को अपनी हिस्सेदारी को आंशिक रूप से कैश करने का मौका दे रहा है, बल्कि यह देश के तेजी से बढ़ते फ्लेक्सिबल वर्कस्पेस बाजार में निवेशकों की रुचि को भी परखेगा।
ये आईपीओ भारत के फाइनेंशियल सेक्टर का सबसे बड़ा आईपीओ बन जाएगा। नवंबर 2023 में टाटा टेक्नोलॉजीज के बाद ये हाल के सालों में टाटा ग्रुप का दूसरा आईपीओ होगा।
टाटा कैपिटल के आईपीओ के लिए एंकर निवेशकों को अलॉटमेंट 3 अक्टूबर को होगा। इस आईपीओ का लॉट साइज 46 इक्विटी शेयरों का है और उसके बाद 46 इक्विटी शेयरों के मल्टीपल में उपलब्ध होगा।
यह IPO छोटे निवेशकों और ग्रोथ कंपनियों में रुचि रखने वालों के लिए एक अच्छा मौका हो सकता है, विशेष रूप से उन निवेशकों के लिए जो SME सेक्टर और रिन्यूएबल एनर्जी सेगमेंट में अवसर तलाश रहे हैं।
यह पूरी पेशकश ओएफएस (ऑफर फॉर सेल) के रूप में होगी। अब सबकी निगाहें SEBI की मंजूरी और इस बहुप्रतीक्षित लिस्टिंग की तारीख पर टिकी हैं।
आनंद राठी शेयर और स्टॉक ब्रोकर्स लिमिटेड का IPO एक मजबूत वित्तीय प्रदर्शन, देशभर में व्यापक नेटवर्क और डिजिटल उपस्थिति के साथ पेश किया जा रहा है। यह IPO उन निवेशकों के लिए एक अच्छा अवसर हो सकता है, जो एक भरोसेमंद और ग्रोथ-ओरिएंटेड फाइनेंशियल सर्विसेज फर्म में निवेश करना चाहते हैं।
शेयर की मजबूत लिस्टिंग ने निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया। इस लिस्टिंग ने न सिर्फ कंपनी के फाउंडर्स और शुरुआती निवेशकों के चेहरों पर मुस्कान ला दी है, बल्कि मार्केट में इसकी मजबूत पकड़ और ब्रांड वैल्यू को भी साबित कर दिया है।
सात्विक ग्रीन एनर्जी के आईपीओ में एंकर इंवेस्टर्स 18 सितंबर को शेयरों के लिए बोली लगा सकेंगे।
केनरा रोबेको एएमसी का 4.98 करोड़ इक्विटी शेयरों का आईपीओ पूरी तरह से ओएफएस पर आधारित होगा। इसमें प्रोमोटर केनरा बैंक 2.59 करोड़ और ओरिक्स कॉरपोरेशन यूरोप एनवी 2.39 करोड़ शेयर बेचेंगी।
NSE के डेटा के मुताबिक, अर्बन कंपनी के आईपीओ को 103.63 गुना सब्सक्रिप्शन मिला है। इससे आप अंदाजा लगा सकते हैं कि कंपनी के आईपीओ को निवेशकों ने किस लेवल पर आकर सपोर्ट किया है।
आईपीओ की दृष्टि से ये साल अभी तक काफी मजबूत रहा है। अबतक, 55 कंपनियों के आईपीओ आए हैं। इनके जरिए लगभग 75,000 करोड़ रुपये जुटाए गए हैं।
अगर यह आईपीओ सफल होता है, तो यह हुंडई मोटर इंडिया के अक्टूबर 2024 में आए ₹27,870 करोड़ के आईपीओ के बाद देश का दूसरा सबसे बड़ा सार्वजनिक निर्गम होगा।
कंपनी इस आईपीओ के जरिये ₹295 करोड़ तक की पूंजी जुटाने का लक्ष्य लेकर चल रही है। कोटेक हेल्थकेयर भारत के फार्मास्युटिकल उद्योग में एक प्रमुख कॉन्ट्रैक्ट डेवलपमेंट एंड मैन्युफैक्चरिंग ऑर्गनाइजेशन (सीडीएमओ) है।
वित्त वर्ष 2025 में Euro Pratik Sales Ltd का राजस्व 28% बढ़कर ₹284.23 करोड़ हो गया, जो पिछले साल ₹222 करोड़ था। इसी अवधि में शुद्ध लाभ 21.51% की वृद्धि के साथ ₹76.44 करोड़ तक पहुंच गया।
कंपनी ने एंकर निवेशकों से ₹854 करोड़ जुटा लिए हैं। इन निवेशकों में कई बड़े नाम शामिल हैं। ग्रे मार्केट में भी कंपनी के आईपीओ को शानदार सपोर्ट मिलता दिख रहा है। कंपनी के शेयर 17 सितंबर 2025 को स्टॉक मार्केट में लिस्ट होंगे।
अमांता हेल्थकेयर आईपीओ को निवेशकों का अच्छा सपोर्ट मिला। यह आईपीओ 1 सितंबर को खुला और 3 सितंबर को बंद हुआ। अलॉटमेंट 4 सितंबर को फाइनल हुआ और आज, 9 सितंबर को इसकी लिस्टिंग हुई।
अर्बन कंपनी एक टेक्नोलॉजी-ड्रिवन, फुल-स्टैक ऑनलाइन सर्विस मार्केटप्लेस है, जो घरेलू और ब्यूटी कैटेगरी में उच्च गुणवत्ता वाली सेवाएं और समाधान प्रदान करती है। निवेशकों को इस कंपनी के आईपीओ से काफी उम्मीदें हैं।
फिजिक्स वाला के दोनों प्रोमोटरों अलख पांडेय और प्रतीक बूब, ओएफएस के जरिए 360-360 करोड़ रुपये के शेयर बेचेंगे।
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